MHA: पोप फ्रांसिस के निधन पर भारत सरकार ने उनके सम्मान में तीन दिवसीय राजकीय शोक की घोषणा की है। 22 और 23 अप्रैल को शोक रहेगा और एक अन्य दिन उनके अंतिम संस्कार के दिन शोक मनाया जाएगा। इस दौरान राष्ट्र ध्वज तिरंगा आधा झुका रहेगा और कोई सरकारी समारोह नहीं होगा।
वेटिकन के पहले लैटिन अमेरिकी पादरी पोप फ्रांसिस के निधन पर भारत सरकार ने सोमवार को तीन दिवसीय राजकीय शोक की घोषणा की। केंद्रीय गृह मंत्रालय ने एक बयान जारी कर बताया कि कैथोलिक चर्च के सर्वोच्च धर्मगुरु (पोप) को श्रद्धांजलि देने के लिए देश में तीन दिन का राजकीय शोक रहेगा।
गृह मंत्रालय के अनुसार, पोप फ्रांसिस के सम्मान में देश में तीन दिन का राजकीय शोक इस तरह से मनाया जाएगा-
1. 22 अप्रैल (मंगलवार) और 23 अप्रैल (बुधवार) को दो दिन का राजकीय शोक रहेगा।
2. अंतिम संस्कार के दिन एक दिन का और शोक रहेगा।
राजकीय शोक के दौरान क्या-क्या नियम रहेंगे?
पूरे भारत में सभी सरकारी इमारतों पर राष्ट्रीय ध्वज (तिरंगा) आधा झुका रहेगा, जहां-जहां तिरंगा नियमित रूप से फहराया जाता है। इस अवधि में कोई भी सरकारी समारोह या मनोरंजन से जुड़ी गतिविधियां आयोजित नहीं की जाएंगी।
क्यों खास है ये फैसला?
पोप फ्रांसिस पूरी दुनिया में शांति, सेवा और करुणा के लिए जाने जाते थे। उनका निधन सिर्फ ईसाई समुदाय के लिए ही नहीं, बल्कि पूरी मानवता के लिए एक बड़ी क्षति मानी जा रही है। भारत सरकार ने भी इस दुख की घड़ी में संवेदना जताते हुए उने सम्मान में यह फैसला लिया है।