सरकार ने स्वास्थ्य जांच की कीमतों में मनमानी पर अंकुश लगाने की तैयारी कर ली है। भारतीय आयुर्विज्ञान अनुसंधान परिषद (आईसीएमआर) का राष्ट्रीय अनिवार्य जांच सूची का मसौदा आने के बाद अस्पतालों में मरीजों को सस्ती मेडिकल जांच का लाभ मिलेगा। इसे दवाओं की तरह मूल्य नियंत्रण के दायरे में लाने की तैयारी है। हालांकि इसका निर्णय राष्ट्रीय मूल्य निर्धारण प्राधिकरण (एनपीपीए) पर छोड़ दिया गया है।