सीआईबी सभा को संबोधित करते हुए मनडाविया ने कहा कि चिंतन शिविर ने उच्च अधिकारियों और विशेषज्ञों के साथ चर्चा करने के लिए एक मंच प्रदान किया है। इससे एम्स सहित प्रमुख स्वास्थ्य संस्थानों की अच्छी प्रथाओं को विकसित करने में मदद होगी।
केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय का कहना है कि मोदी सरकार देशवासियों को सस्ती और सुलभ स्वास्थ्य सुविधाएं दिलाने के लिए प्रतिबद्ध है। शनिवार को केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री मनसुख मनडाविया एम्स के सीआईबी की सातवीं बैठक और राष्ट्रीय स्वास्थ्य और परिवार कल्याण संस्थान में चिंतन शिविर संबोधित किया।
पीएम मोदी की सराहना
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सीआईबी सभा को संबोधित करते हुए मनडाविया ने कहा कि चिंतन शिविर ने उच्च अधिकारियों और विशेषज्ञों के साथ चर्चा करने के लिए एक मंच प्रदान किया है। इससे एम्स सहित प्रमुख स्वास्थ्य संस्थानों की अच्छी प्रथाओं को विकसित करने में मदद होगी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी स्वास्थ्य सुविधाओं को लेकर काफी सजग हैं। मोदी सरकार देश के प्रत्येक नागरिक को सस्ती और सुलभ स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध है।
एम्स के गौरव को भविष्य में भी संजोकर रखने के लिए आग्रह\
स्वास्थ्य मंत्री मनडाविया ने कहा कि एक डॉक्टर के लिए इलाज सफलता का सिर्फ एक पैरामीटर है। लोग उन्हें कैसे देखते हैं। समाज पर इसका क्या असर पड़ता है। समाज में उनकी क्या भूमिक है। यह सभी चीजें असल मायने में सफलता का अंतिम मूल्य हैं। उन्होंने कहा कि देश का हर नागरिक एम्स को भारत में चिकित्सा क्षेत्र का सबसे सर्वोपरि संस्थान मानता है। मेरा आग्रह की आप सभी मिलकर इस सम्मान को संरक्षित रखें।
कई विषयों पर हुई चर्चा
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नीति आयोग के सदस्य (स्वास्थ्य) डॉ. वी के पॉल ने बताया कि सीआईबी बैठकों के वजह से कई महत्वपूर्ण फैसले और निर्णय लिए जा सके। पॉल ने एम्स के छात्र कल्याण का भी जिक्र किया। बैठक में अधिकारियों ने विभिन्न एजेंडे पर विचार किए। इसके अलावा पिछले चिंतन शिविर की सिफारिशें और एम्स के कामकाज पर चर्चाएं की गईं।