दिल्ली भाजपा के अध्यक्ष मनोज तिवारी ने सीलिंग के मुद्दे पर अरविंद केजरीवाल के हमले का जवाब देते हुए कहा कि वे इस मुद्दे पर विधानसभा का विशेष सत्र बुलाएं और मुद्दे पर व्यापक चर्चा करें। तिवारी ने कहा कि अरविंद केजरीवाल उन्हें लिखित आदेश दें तो वे दिल्ली की हर सीलिंग को तोड़ने के लिए तैयार हैं।
तिवारी का यह जवाब अरविंद केजरीवाल के उस बयान के बाद आया जिसमें उन्होंने कहा था कि दिल्ली के लोगों को सीलिंग से बचाने के लिए सरकार को अध्यादेश लाना चाहिए। अगर भाजपा अध्यादेश नहीं लाती तो दिल्ली के करोड़ों लोग बेरोजगार हो जाएंगे और इसकी सीधी जिम्मेदारी उसी की होगी।
दिल्ली भाजपा अध्यक्ष मनोज तिवारी ने गुरुवार को एक प्रेस कांफ्रेंस के दौरान कहा कि दिल्ली सरकार ने अपनी स्क्रिप्टेड झूठ मिर्ची अटैक पर विशेष सत्र बुलाया लेकिन उन्होंने प्रदूषण जैसे गंभीर मुद्दे पर दिल्ली के लोगों की तकलीफ समझने और उसका निदान खोजने के लिए नहीं बुलाया। उसी प्रकार उन्होंने सीलिंग के मुद्दे पर भी कोई विशेष सत्र नहीं बुलाया। इससे स्पष्ट है कि केजरीवाल की प्राथमिकता क्या है? उन्होंने कहा कि दिल्ली में सीलिंग तब शुरू हुई जब अरविंद केजरीवाल सरकार ने कोर्ट में यह लिखित रूप से दिया कि वे इन सड़कों को डिनोटिफाइड नहीं कर सके।
मोनिटरिंग कमेटी भ्रष्ट
मनोज तिवारी ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट के निर्देश पर बनी मोनिटरिंग कमेटी भ्रष्ट है। वह गलत तरीके से कुछ इलाकों को चुन-चुनकर सीलिंग किया है जबकि ओखला जैसी एरिया में सीलिंग नहीं की जहां सरकारी जमीन पर बड़े-बड़े बंगले बने हुए हैं।