राजनीति के मामले में ही नहीं विकास के मामले में भी पूर्वी यूपी केंद्र सरकार के एजेंडे में सबसे ऊपर है। पीएम मोदी के नेतृत्व में केंद्र में भाजपा की सरकार बनने के बाद से पूर्वी यूपी के हिस्से में विकास की रफ्तार तेज हुई है। केंद्रीय रेल राज्य मंत्री मनोज सिन्हा का दावा है कि बीते तीन वर्षों में अकेले रेलवे से जुड़ी 23 हजार करोड़ की परियोजनाएं शुरू की गई हैं।
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सिन्हा का कहना है कि पूर्वांचल में एक इंच भी जगह नहीं है जहां रेलवे लाइन का दोहरीकरण, नई लाइन का विस्तार और गेज परिवर्तन के काम शुरू न हुए हों। सरकार के जरिये बाराबंकी-अकबरपुर रेल को दोहरीकरण किये जाने के फैसले के बाद विशेष बातचीत में मनोज सिन्हा ने कहा कि आजादी के बाद पूर्वांचल का सर्वाधिक विकास बीते तीन वर्षों में हुआ है। उन्होंने बताया कि अकेले रेल महकमे ने ही 23 हजार करोड़ से ज्यादा राशि की परियोजनाओं को मंजूरी दी है।
लखनऊ से अयोध्या और काशी जाने वालों को होगा सीधा लाभ
बाराबंकी-अकबरपुर के बीच रेल लाइन के दोहरीकरण करने के फैसले की जानकारी देते हुए मनोज सिन्हा ने कहा कि पीएम मोदी की अध्यक्षता में सम्पन्न हुई आर्थिक मामलों की कैबिनेट कमेटी की बैठक में बाराबंकी-अकबरपुर रेल लाइन को दोहरीकरण करने का निर्णय हुआ है। 161 किमी रेल लाइन का दोहरीकरण करने में करीब 1310.23 करोड़ रुपए का खर्च आयेगा।
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उन्होंने बताया कि यह लाइन लखनऊ से फैजाबाद होकर काशी जाने वाली रेल लाइन का हिस्सा है। सिन्हा के अनुसार लखनऊ से बाराबंकी और वाराणसी से अकबरपुर तक कि इस रेल लाइन का दोहरीकरण का काम पूरा हो चुका है। केवल अकबरपुर से बाराबंकी के बीच 161 किमी की दूरी का काम शेष था। इसके पूरे होने से ट्रेनों की रफ्तार बढ़ेगी।