प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने नया भारत (न्यू इंडिया) निर्माण को देश के सवा अरब लोगों का सपना और संकल्प बताते हुए कहा है कि लोगों के सहयोग से यह सपना पूरा होगा। पीएम ने कहा कि 21वीं सदी में हर हिंदुस्तानी अपने सपनों का नया भारत बनाने में योगदान करने और बदलाव लाने के लिए तैयार है। सवा सौ करोड़ देशवासियों की बदलाव की चाह और प्रयास ही नए भारत की मजबूत नींव डालेगा।
उन्होंने कहा कि न्यू इंडिया न तो सरकारी कार्यक्रम है और न ही किसी राजनैतिक दल का घोषणापत्र। यह सवा सौ करोड़ देशवासियों का आह्वान है। सभी के अंदर एक आशा, एक उमंग, एक चाह और एक संकल्प है। इसी के संयोजन से न्यू इंडिया की मजबूत नींव डलेगी। इस दौरान उन्होंने शहीद भगत सिंह, सुखदेव, राजगुरु के बलिदान के साथ महात्मा गांधी के चंपारण सत्याग्रह को याद किया।
पीएम मोदी ने कहा कि भगत सिंह और उनके साथियों ने गुलामी के दिनों में सशस्त्र क्रांति के जरिये युवकों को प्रेरणा दी, जबकि गांधीजी ने सत्याग्रह के जरिए लोगों को आजादी के आंदोलन से जोड़ा। शहीदों से अंग्रेज इतना डरे कि एक दिन पहले ही फांसी दे दी। जबकि गांधीजी का प्रयोग उनके समझ में नहीं आया। गांधीजी ने एक सिक्के के दो पहलू बना दिए थे, एक सिक्के का एक पहलू संघर्ष, तो दूसरा पहलू सृजन था।