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EVM के मुद्दे पर अपनों से घिरे कैप्टन, तिवारी ने ट्वीट कर उठाया सवाल

Thu, 13 Apr 2017 12:50 PM IST
amarujala.com- Presented by: जया पाण्डेय
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मनीष तिवारी
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ईवीएम से कथित छेड़छाड़ के मुद्दे पर अब कांग्रेस के अंदर ही मतभेद की स्थिति पैदा हो गई है। कांग्रेस के नेता मनीष तिवारी ने अब पंजाब के मुख्यमंत्री अमरिंदर सिंह पर ही सवाल खड़े कर दिए हैं। 
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तिवारी ने कहा कि 2010 में या 2001 की शुरुआत में जब अमरिंदर सिंह पीसीसी के प्रेसिडेंट थे, उन्होंने ही यह दिखाया था कि कैसे EVM के साथ छेड़छाड़ की जा सकती है।  In 2010 or even earlier in 2001 when he(Amarinder Singh)was PCC Pres,he hd demonstrated how EVM can be gerrymandered with:Manish Tewari,Cong pic.twitter.com/UgZhAC7BDp — ANI (@ANI_news) April 13, 2017
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गौरतलब है कि इससे पहले अमरिंदर सिंह ने ईवीएम से छेड़छाड़ के आरोपों को बेबुनियाद बताया था। उन्होंने कहा था कि अगर ईवीएम से छेड़छाड़ हुई होती तो वो पंजाब के मुख्यमंत्री नहीं होता। अमरिंदर के इसी बात पर मनीष तिवारी का बयान आया है। 
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'हताशा के चलते पार्टी के कुछ लोग ईवीएम को गलत ठहरा रहे हैं'

Captain Amarinder Singh - फोटो : अमर उजाला
आपको बता दें कि पांच राज्यों में हुए विधानसभा चुनावों में बीजेपी को मिले प्रचंड बहुमत के बाद अरविंद केजरीवाल और मायावती समेत कई राजनीतिक पार्टियों ने ईवीएम मशीनों की विश्वसनीयता को लेकर सवाल उठाए थे। बुधवार को चुनाव आयोग ने साइंटिस्टों, टेक्नोलॉजिस्टों और राजनीतिक पार्टियों को खुली चुनौती दी थी कि वे मई के पहले हफ्ते में 10 दिन के अंदर ईवीएम हैक करके दिखाए।

इससे पहले कांग्रेस नेता वीरप्पा मोइली के ईवीएम मशीन को सही ठहराने पर पार्टी महासचिव गुलाम नबी आजाद उनकी चुटकी ले चुके हैं। विरप्पा मोइली ने कहा था कि   ईवीएम को लेकर पार्टी में न तो चर्चा हुई और न ही कोई फैसला लिया गया है। उन्होंने यहां तक कहा था कि हार की हताशा के चलते पार्टी के कुछ लोग ईवीएम को गलत ठहरा रहे हैं।

इस पर आजाद ने कहा था कि जरूरी नहीं कि पार्टी हर फैसले में हर व्यक्ति को शामिल करे। उन्होंने मोइली का नाम लिए बिना कहा कि जिनका आप नाम ले रहे हैं वे राष्ट्रपति से मिलने गए प्रतिनिधिमंडल में भी शामिल थे। जिस ज्ञापन में ईवीएम को लेकर आपत्ति उठाई गई है उसमें उन्होंने हस्ताक्षर किए हैं और दो बार ड्राफ्ट को पढ़ा भी है।
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