भारतीय सेना ने मणिपुर पुलिस और अन्य सुरक्षा बलों के साथ मिलकर हथियारों और गोला-बारूद की बरामदी में महत्वपूर्ण सफलता प्राप्त की है। कुल 42 हथियार, साथ ही एक बड़ी मात्रा में गोला-बारूद और युद्ध जैसे सामान को मणिपुर के पहाड़ी और घाटी क्षेत्रों में हुए अभियानों के दौरान जब्त किया गया। यह बरामदगी कई जिलों में की गई, जिसमें इंफाल पश्चिम, चंदेल, थौबल, कंगपोकपी और चुराचंदपुर शामिल हैं।
रक्षा मंत्रालय के प्रवक्ता ने कोहिमा में बताया कि सार्वजनिक सुरक्षा को खतरे से बचाने के लिए सुरक्षा बल इस तरह के ऑपरशन चला रहे हैं। प्रवक्ता ने बताया कि मणिपुर में सुरक्षा बलों ने पहाड़ी और घाटी जिलों के संवेदनशील क्षेत्रों में ऑपरेशनों को तेज किया है, खोज अभियानों का संचालन कर रहे हैं और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए क्षेत्रीय दबदबा सुनिश्चित कर रहे हैं।
मणिपुर के राज्यपाल ने राज्य में सुरक्षा स्थिति की समीक्षा की
इससे पहले मणिपुर के राज्यपाल अजय कुमार भल्ला ने शनिवार को पुलिस, केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ), सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ), असम राइफल्स के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ एक बैठक की अध्यक्षता करके राज्य में व्यापक सुरक्षा स्थिति की समीक्षा की। राजभवन के मुताबिक, मौजूदा कानून-व्यवस्था की स्थिति का जायजा लेने के साथ राज्यपाल ने सीमावर्ती क्षेत्रों पर विशेष ध्यान देते हुए पूरे राज्य में सुरक्षा व्यवस्था की स्थिति की समीक्षा की।
राज्यपाल ने राज्य के पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) को लोगों की सुरक्षा को प्राथमिकता देने का निर्देश दिया। उन्होंने सेना और अर्धसैनिक बलों के अधिकारियों से राज्य में कानून व्यवस्था बनाए रखने में प्रशासन को पूरा सहयोग देने का आग्रह किया। मणिपुर सरकार के सुरक्षा सलाहकार कुलदीप सिंह, डीजीपी राजीव सिंह, आईजीएआर (दक्षिण) मेजर जनरल रावरूप सिंह और सीआरपीएफ और बीएसएफ के वरिष्ठ अधिकारी सुरक्षा बैठक में शामिल हुए।