पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने असम में नेशनल रजिस्टर ऑफ सिटीजंस (एनआरसी) के मसौदे के मुद्दे पर एक कविता लिख कर भाजपा सरकार की खिंचाई की है। उन्होंने कहा है कि भगवा पार्टी के खिलाफ विरोध जताने वालों के लिए देश में कोई जगह नहीं है। बांग्ला में लिखी यह कविता ममता के हस्ताक्षर व तारीख के साथ उनके फेसबुक पेज पर पोस्ट की गई है।
ममता ने ‘परिचय’ शीर्षक से इस कविता में लिखा है कि वे जानना चाहते हैं कि तुम कौन हो, तुम्हारा सरनेम क्या है, तुम्हारी पहचान क्या है, तुम क्या खाते हो, तुम कहां रहते हो। तृणमूल कांग्रेस प्रमुख ने भाजपा का जिक्र करते हुए कविता में सवाल किया है कि क्या तुम मन की बात सुनते हो, क्या तुम सत्तारूढ़ पार्टी के खिलाफ लिखते हो?
अगर ऐसा है तो देश में तुम्हारे लिए कोई जगह नहीं है। तुम आतंकवादी हो। सत्तारूढ़ पार्टी के खिलाफ आवाज उठाने वाले राष्ट्रविरोधी हैं और उनके लिए देश में कोई जगह नहीं है। ममता ने अपनी कविता में दलितों, ईसाईयों व दूसरे अल्पसंख्यक समुदायों के प्रति भाजपा के नजरिए के लिए भी उसकी खिंचाई की है।