पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने बुधवार (21 अप्रैल) को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि देश में कोविड-19 की दूसरी लहर और इसका प्रबंधन 'मोदी-निर्मित त्रासदी' है। एक चुनावी रैली को संबोधित करते हुए तृणमूल कांग्रेस की अध्यक्ष ने दावा किया कि पश्चिम बंगाल का नेतृत्व 'बंगाल इंजन' सरकार ही करेगी, न कि मोदी की 'डबल इंजन' सरकार।
ममता बनर्जी बोलीं, 'कोरोना की दूसरी लहर बहुत तेज है। मैं इसे मोदी निर्मित त्रासदी कहूंगी। न तो इंजेक्शन उपलब्ध हैं और न ही ऑक्सीजन। टीके और दवाइयां बाहर भेजी जा रही हैं, जबकि देश में इनकी कमी है।' उन्होंने दावा किया कि यह चुनाव पश्चिम बंगाल को बचाने और बंगाली माता के सम्मान बचाने की लड़ाई है।
ममता बनर्जी ने कहा, 'हमारे राज्य को बंगाल इंजन सरकार चलाएगी, न कि मोदी की डबल इंजन की सरकार। हम गुजरात को अपने राज्य पर कब्जा करने और दिल्ली से शासन चलाने नहीं देंगे। बंगाल पर बंगाल ही शासन करेगा।'
बता दें कि भाजपा के नेता अक्सर अपनी चुनावी रैलियों में जनता से राज्य में डबल इंजन की सरकार बनाने की अपील कर रहे हैं, जिसका अर्थ होता है कि केंद्र व राज्यों में एक ही दल की सरकार होना।
तृणमूल कांग्रेस अध्यक्ष ने मतदाताओं से वामपंथी दलों, कांग्रेस और इंडियन सेक्यूलर फ्रंट (आईएसएफ) के गठबंधन को मत ना देने की भी अपील की और दावा किया कि इससे भाजपा का हाथ मजबूत होगा।
ममता बनर्जी ने कहा कि केंद्र ने सात महीने पहले कहा था कि कोरोना का संक्रमण कम हो गया। उन्होंने कहा, 'अब चुनाव में भाजपा दूसरे राज्यों से लोगों को लेकर आ रही है और यहां के लोगों में संक्रमण फैला रही है।'
उन्होंने कहा कि उनके प्रशासन को सुरक्षित घर तलाश करने में दिक्कतें हो रही हैं, क्योंकि सरकारी मकानों का इस्तेमाल केंद्रीय बल कर रहे हैं। उन्होंने कहा, 'वैसे तो हमने अस्पतालों में बेड की संख्या बढ़ाई है, लेकिन मैं लोगों से अनुरोध करूंगी कि यदि बहुत ज्यादा लक्षण न हों तो वे घरों में ही पृथकवास में रहें।' उन्होंने हल्के लक्षणों वाले कोविड मरीजों से छह बजे शाम के बाद मतदान करने की अपील की।
मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने दावा किया कि नागरिकता संशोधन कानून (सीएए) और नागरिकों के राष्ट्रीय रजिस्टर (एनआरसी) को लेकर भाजपा अलग-अलग स्थानों पर अलग-अलग बात कर रही है। उन्होंने कहा कि पश्चिम बंगाल में आए शरणर्थियों को जमीन का अधिकार दिया गया है। उन्होंने कहा, 'आप सभी राज्य के नागरिक हैं। इसलिए चिंता करने की कोई बात नहीं है।'
उन्होंने कहा कि पिछले 10 साल में तृणमूल कांग्रेस की सरकार ने दक्षिण दिनाजपुर जिले में सड़कें बनाईं, अस्पतालों, पुलों और औद्योगिक केंद्रों का निर्माण कराया। बता दें कि राज्य की 294 सदस्यीय विधानसभा के लिए 27 मार्च से 29 अप्रैल के बीच आठ चरणों में मतदान हो रहा है। मतों की गिनती दो मई को होगी।