कांग्रेस नेता मल्लिकाअर्जुन खड़गे
कांग्रेस नेता मल्लिकार्जुन खड़गे ने एक बार फिर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखकर लोकपाल चयन समिति की बैठक में शामिल होने से इंकार कर दिया है। उन्होंने कहा कि इस पैनल में शामिल होने के लिए नेता प्रतिपक्ष का नाम तय है। और कांग्रेस पार्टी को नेता प्रतिपक्ष का पद नहीं दिया गया है।
खड़गे ने कहा कि 'लोकपाल अधिनियम 2013 के तहत कांग्रेस को सदस्य का दर्जा मिले बिना उनके बैठक में जाने का कोई औचित्य नहीं है क्योंकि उनके पास कोई अधिकार नहीं होगा। न तो वे अपनी कोई राय रख सकेंगे और न ही मताधिकार होगा।'
गौरतलब है कि लोकसभा में कांग्रेस विपक्ष की सबसे बड़ी पार्टी जरूर है लेकिन पर्याप्त सांसद संख्या न होने की वजह से उसके किसी नेता को नेता-प्रतिपक्ष का पद नहीं दिया गया है। यही वजह है कि पहले भी कई बार कांग्रेस लोकपाल समिति की बैठकों का बहिष्कार कर चुकी है। उल्लेखनीय है कि 1 मार्च और 10 अप्रैल को भी खड़गे ने इस बैठक में शामिल होने से इंकार कर दिया था। प्रधानमंत्री को लिखी चिट्ठी में उन्होंने स्पष्ट किया है कि इस आमंत्रण का अर्थ यह है कि उनकी पुरानी चिट्ठियों पर किसी ने ध्यान नहीं दिया है।