महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव के मद्देनजर मुंबई के कई इलाकों में उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की तस्वीर और ‘बंटेंगे तो कटेंगे’ संदेश वाले पोस्टर लगाए गए हैं।
भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की मुंबई इकाई के प्रमुख आशीष शेलार ने कहा कि उनकी पार्टी ने पोस्टर नहीं लगाए हैं। उन्होंने कहा कि कई लोगों को लगता है कि अगर वोटों में बंटवारा होता है तो उसका नुकसान समाज को उठाना पड़ेगा।
इन पोस्टर में ‘बंटेंगे तो कटेंगे’ और ‘एक रहेंगे, तो नेक रहेंगे, सुरक्षित रहेंगे’ के संदेश लिखे हैं। लाल रंग से लिखे संदेश वाले पोस्टर भगवा, पीले और हरे रंग के संयोजन वाले हैं। महाराष्ट्र में 20 नवंबर को होने वाले विधानसभा चुनाव से पहले लगाए इन पोस्टर में विश्वबंधु राय का नाम लिखा है।
इसके बारे में पूछे जाने पर भाजपा नेता शेलार ने कहा, ‘पार्टी ने पोस्टर नहीं लगाए हैं और न ही पार्टी में राय किसी पद पर हैं। यहां बड़ी संख्या में लोगों का यह मानना है कि अगर वोट कटेंगे तो विकास नहीं होने से समाज को नुकसान होगा। कई लोगों को लगता है कि उन्हें एकजुट रहना चाहिए और विकास एवं समृद्धि के लिए एकजुट होकर वोट देना चाहिए।’
उल्लेखनीय है कि भाजपा के वरिष्ठ नेता आदित्यनाथ ने अगस्त में लोगों से समृद्धि की पराकाष्ठा पर पहुंचने के लिए एकजुट रहने का अनुरोध करते हुए कहा था कि बांग्लादेश में जो गलतियां हुई हैं, वे भारत में नहीं होनी चाहिए।
आगरा में एक कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने कथित तौर पर कहा था, ‘आप देख रहे हैं बांग्लादेश में क्या हो रहा है? वे गलतियां यहां नहीं होनी चाहिए। बटेंगे तो कटेंगे। एक रहेंगे तो नेक रहेंगे, सुरक्षित रहेंगे और समृद्धि की पराकाष्ठा पर पहुंचेंगे।’
RO को नामांकन पत्र देने के दौरान अब नहीं लगेगी भीड़, केवल पांच लोगों को प्रवेश की अनुमति
मुंबई पुलिस ने महाराष्ट्र में आगामी विधानसभा चुनाव के लिए नामांकन दाखिल करने के वास्ते निर्वाचन अधिकारी (आरओ) के कार्यालय में प्रवेश करने वाले लोगों की संख्या पांच तक सीमित कर दी है।
एक अधिकारी ने बताया कि भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (बीएनएसएस) की धारा 163 के तहत मंगलवार को जारी निषेधाज्ञा आदेश के अनुसार, आरओ कार्यालय के 100 मीटर के दायरे में किसी भी प्रत्याशी के केवल तीन वाहनों को प्रवेश की अनुमति दी जाएगी।
आदेश में कहा गया है कि पुलिस ने नामांकन पत्र दाखिल करने के दौरान नारेबाजी, रैली, जुलूस, गीतों और संगीत वाद्य यंत्रों के इस्तेमाल के जरिए राजनीतिक प्रचार पर भी रोक लगा दी है। अधिकारी ने बताया कि अगर अलग-अलग राजनीतिक दलों के दो प्रत्याशी एक ही वक्त में नामांकन पत्र जमा कराने आते हैं तो कोई भी एक-दूसरे के खिलाफ उकसावे वाली कार्रवाई नहीं करेगा।
यह निषेधाज्ञा आदेश मुंबई जिले और उपनगरों में चार नवंबर तक लागू रहेगी।
महाराष्ट्र की 288 सदस्यीय विधानसभा के चुनाव के लिए मतदान 20 नवंबर को होगा और वोटों की गिनती 23 नवंबर को होगी। मौजूदा विधानसभा का कार्यकाल 26 नवंबर को खत्म होगा।
पुणे में अवैध रूप से रह रहे 10 बांग्लादेशी गिरफ्तार
रंजनगांव इलाके में अवैध रूप से रह रहे 10 बांग्लादेशी नागरिकों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। बाद में अदालत ने उन्हें 24 अक्तूबर तक पुलिस हिरासत में भेज दिया।
पुणे ग्रामीण के एसपी पंकज देशमुख ने कहा, 'कल रंजनगांव एमआईडीसी पुलिस स्टेशन में हमने एक मामला दर्ज किया, जिसमें कुछ बांग्लादेशी नागरिकों से पूछताछ की गई। पूछताछ करने पर हमें पता चला कि वे रंजनगांव इलाके में अवैध रूप से रह रहे थे। इसलिए, हमने मामला दर्ज किया और उन्हें गिरफ्तार कर लिया। बाद में अदालत में पेश किया, जहां से 24 अक्तूबर तक ऐसे 10 आरोपियों की पुलिस हिरासत को मंजूरी दे दी है।
उन्होंने कहा, ' हम पता लगा रहे हैं कि वे भारत में कितने समय से रह रहे हैं। प्रारंभिक जांच से पता चलता है कि वे छह महीने से लेकर 10 साल तक इस देश में रहे हैं। हम यह पता लगा रहे हैं कि इस देश में रहने का उनका मकसद क्या है। उनमें से कई श्रमिक गतिविधियों में लिप्त हैं और उन्हें दैनिक मजदूरी के आधार पर भुगतान किया जा रहा है। इसलिए, उनकी वास्तविक स्थिति क्या है, इस पर टिप्पणी करना बहुत जल्दबाजी है। लेकिन जांच के 2-3 दिनों में हम यह पता लगाने की स्थिति में होंगे कि इस देश में रहने का उनका मकसद क्या था। हमने एक खास मामले में मतदाता पहचान पत्र जैसे दस्तावेज जब्त किए और इसके अलावा कई लोगों के पास आधार कार्ड तथा पैन कार्ड हैं। हम इस पहलू की भी जांच कर रहे हैं कि क्या कोई संगठित रैकेट है या कोई एजेंट है जो बांग्लादेशी नागरिकों को हमारे देश में ला रहा है।'