ठाणे में शिवसेना यूबीटी नेता प्रदीप पुरनेकर की हत्या के मामले में 23 सदस्यीय एसआईटी गठित की गई है। प्रदीप पुरनेकर की मंगलवार की रात गोली मारकर हत्या की गई थी। इस मामले में एक आरोपी को गिरफ्तार किया गया है। मृतक के बेटे राम पुरनेकर ने ठाणे की पूर्व मेयर मीनाक्षी शिंदे और उनके पति पर आरोप लगाए हैं। हालांकि मीनाक्षी शिंदे ने इन आरोपों को खारिज किया है। मीनाक्षी शिंदे सत्ताधारी शिवसेना की नेता हैं। डीसीपी अमर सिंह जाधव के नेतृत्व में एसआईटी गठित की गई है।
आरोपी ने कोर्ट में आत्मदाह का प्रयास किया
महाराष्ट्र के बीड की जिला अदालत में एक आरोपी ने आत्मदाह की कोशिश की, लेकिन मौके पर मौजूद वकीलों की मदद से आरोपी को किसी तरह काबू किया गया। घटना गुरुवार दोपहर साढ़े 12 बजे की है, जब एक मामले में आरोपी विलास घुगे ने खुद पर पेट्रोल डालकर आग लगाने की कोशिश की। हालांकि मौके पर मौजूद वकीलों ने किसी तरह आरोपी को काबू किया। आरोपी का कहना है कि उसके खिलाफ शिकायत करने वाला व्यक्ति गांव में उसकी पत्नी के खिलाफ आपत्तिजनक बातें फैला रहा है। उसकी मांग है कि शिकायतकर्ता के खिलाफ समन जारी किया जाए।
एसआईआर को लेकर वोटरों के लिए राहत की खबर
वोटर लिस्ट में चल रहे 'स्पेशल इंटेंसिव रिविजन' (एसआईआर) के तहत, जिन वोटरों को 'नो मैपिंग' या 'लॉजिकल डिसक्रेपेंसी' (तार्किक विसंगति) कैटेगरी में सुनवाई के लिए नोटिस मिला है, उन्हें व्यक्तिगत रूप से पेश होने की जरूरत नहीं होगी। इसके अलावा अधिकारियों ने बताया कि बीएलओ नोटिस पाने वाले वोटर के घर जाएंगे और जरूरी दस्तावेज इकट्ठा करेंगे। उसके आधार पर इलेक्टोरल रजिस्ट्रेशन ऑफिसर या असिस्टेंट इलेक्टोरल रजिस्ट्रेशन ऑफिसर उचित फैसला लेंगे। इसको लेकर महाराष्ट्र के मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने गुरुवार को भारत निर्वाचन आयोग के संशोधित निर्देशों का हवाला देते हुए एक बयान में कहा था कि वोटर संबंधित बीएलओ को व्हाट्सएप के जरिए भी जरूरी दस्तावेज जमा कर सकते हैं।