एफआईआर पर बॉम्बे हाईकोर्ट का फैसला सुरक्षित
कॉमेडियन कुणाल कामरा को बॉम्बे हाईकोर्ट से कुछ राहत मिली है। कोर्ट ने उनके खिलाफ दर्ज एफआईआर को रद्द करने की याचिका पर सुनवाई के बाद फैसला सुरक्षित रख लिया है, यानी अभी फैसला नहीं सुनाया गया है। कोर्ट ने साथ ही यह भी कहा है कि जब तक अंतिम फैसला नहीं आ जाता, कामरा को पुलिस गिरफ्तार नहीं करेगी। यह मामला एक कॉमेडी शो के दौरान की गई कथित आपत्तिजनक टिप्पणियों से जुड़ा है, जिसे लेकर उनके खिलाफ महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे के समर्थकों की ओर से शिकायत दर्ज कराई गई थी। इस बीच, सीएम शिंदे ने भी इस मुद्दे पर कटाक्ष करते हुए कहा जो लोग संविधान, अभिव्यक्ति की आज़ादी की दुहाई देते हैं, वही दूसरों की भावनाओं को ठेस पहुँचाते हैं। कोर्ट ने दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद कहा कि वह जल्द ही फैसला सुनाएगा, लेकिन तब तक कुणाल कामरा को गिरफ्तारी से सुरक्षा दी गई है।
तहसीलदार ने पत्नी को पिस्तौल दिखाकर दी धमकी
महाराष्ट्र के नांदेड़ जिले में एक तहसीलदार को अपनी पत्नी पर हमला करने और पिस्तौल दिखाकर जान से मारने की धमकी देने के आरोप में गिरफ्तार किया गया है। आरोपी का नाम अविनाश शेंबतवाड़ है, जिसकी उम्र 34 साल है। वह वर्तमान में गढ़चिरौली जिले के धनोरा तहसील में तैनात है, जबकि उसका स्थायी निवास नांदेड़ में है। पुलिस ने बताया कि शेंबतवाड़ की पत्नी ने 13 अप्रैल को नांदेड़ के शिवाजीनगर पुलिस स्टेशन में शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत में कहा गया कि शादी के कई सालों बाद भी गर्भवती न होने की वजह से उसका पति उसे मानसिक और शारीरिक रूप से प्रताड़ित करता था।
पीड़िता ने यह भी आरोप लगाया कि उसके पति ने उस पर हमला किया और पिस्तौल दिखाकर धमकी दी। लगातार हो रही प्रताड़ना से परेशान होकर महिला ने पुलिस से मदद ली। एफआईआर में शेंबतवाड़ के माता-पिता और दो भाइयों के नाम भी शामिल किए गए हैं। सभी पर नई आपराधिक संहिता (BNS) की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है, जिनमें हत्या के प्रयास और घरेलू हिंसा की धाराएं शामिल हैं।