महाराष्ट्र के रत्नागिरी जिले में शुक्रवार को एक रासायन कारखाने में हुए भीषण विस्फोट में कम से कम 11 लोग घायल हो गए। यह घटना मुंबई से करीब 250 किलोमीटर दूर लोटे परशुराम एमआईडीसी (रासायनिक क्षेत्र) स्थित डॉ. खान इंडस्ट्रियल कंसल्टेंट्स (डीकेआईसी) इकाई में हुई। पुलिस ने बताया कि घायलों में ज्यादातर मजदूर हैं और उन्हें तत्काल स्थानीय अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, विस्फोट के बाद कारखाने में अफरा-तफरी मच गई। तत्काल बचाव अभियान शुरू किया गया और घायलों को नजदीकी चिकित्सा सुविधा में ले जाया गया। पुलिस ने बताया कि विस्फोट के कारणों का पता लगाने के लिए जांच शुरू कर दी गई है। डॉ. खान इंडस्ट्रियल कंसल्टेंट्स (डीकेआईसी) विभिन्न विशेष सिलिका-आधारित रसायनों और रासायनिक मध्यवर्ती उत्पादों का एक प्रमुख निर्माता है। यह कंपनी इस्पात, वस्त्र, पेंट और इलेक्ट्रॉनिक्स जैसे कई उद्योगों को अपनी सेवाएं प्रदान करती है। यह इकाई लोटे परशुराम एमआईडीसी के रासायनिक क्षेत्र में स्थित है, जो इस तरह के उद्योगों के लिए जाना जाता है। घटना के बाद क्षेत्र में औद्योगिक सुरक्षा उपायों की समीक्षा की जा रही है। विस्फोट की तीव्रता इतनी अधिक थी कि आसपास के इलाकों में भी इसकी आवाज सुनी गई। पुलिस ने यह भी बताया कि मामले में आगे की जानकारी जांच पूरी होने के बाद ही दी जाएगी।
घायलों के बारे में क्या है अपडेट?
विस्फोट के तुरंत बाद, आसपास के लोगों और कारखाने के कर्मचारियों ने घायलों की मदद की। सभी 11 घायलों को, जिनमें से अधिकांश मजदूर थे, स्थानीय अस्पताल में भर्ती कराया गया है। उनकी चोटों की गंभीरता के बारे में विस्तृत जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है, लेकिन सभी की हालत स्थिर बताई जा रही है। स्थानीय प्रशासन और पुलिस ने मिलकर बचाव और राहत कार्यों का समन्वय किया।
विस्फोट के कारणों के बारे में क्या पता चला?
पुलिस ने बताया कि विस्फोट के पीछे के सटीक कारणों का पता लगाने के लिए गहन जांच जारी है। फॉरेंसिक टीम भी घटनास्थल पर पहुंचकर साक्ष्य जुटा रही है ताकि विस्फोट के मूल कारण का पता चल सके। डॉ. खान इंडस्ट्रियल कंसल्टेंट्स एक स्थापित रासायनिक इकाई है, और ऐसे हादसों से औद्योगिक सुरक्षा पर सवाल उठते हैं। अधिकारियों ने आश्वासन दिया है कि जांच पूरी होने के बाद दोषियों के खिलाफ उचित कार्रवाई की जाएगी।