देशमुख के गृहमंत्री बनने के बाद परमबीर सिंह से पहले रश्मि शर्मा और मुंबई पुलिस आयुक्त रहे सुबोध जायसवाल (1985 बैच) ने आवाज उठाई थी। जायसवाल अब केंद्र में प्रतिनियुक्ति पर हैं। उन्हें पिछले साल दिसंबर में सीआईएसएफ का डीजी बनाया गया था। उन्होंने फर्जी स्टैंप घोटाला मामले में एसआईटी का चीफ रहते हुए मुंबई के तत्कालीन पुलिस कमिश्नर आरएस शर्मा को रिटायरमेंट से एक दिन पहले गिरफ्तार किया था। इस मामले में एनसीपी के ही छगन भुजबल (तत्कालीन गृहमंत्री) पर भी गाज गिरी थी। छगन भुजबल जेल गए और आज फिर से मंत्री हैं। अब मामला अनिल देशमुख और मुंबई पुलिस के बीच का है।