देश में कोरोना संक्रमण की राजधानी बन चुकी मुंबई में अब हालात तेजी से बदल रहे हैं। बृहन्मुंबई महानगरपालिका (बीएमसी) के आंकड़े बताते हैं कि महानगर में अब कोरोना संक्रमण की दर एक फीसदी से भी कम हो गई है। वहीं, मरीजों के दोगुना होने का औसत भी 75 दिन हो गया है। जो मुंबई के लिए बेहद ही उत्साहजनक है।
बृहन्मुंबई महानगरपालिका ने प्रशासनिक दृष्टि से मुंबई को 24 विभागों में बांटा है। बीएमसी के कुल 24 विभाग हैं, जिनमें से 18 विभाग में यानि मुंबई के दो तिहाई हिस्से में कोरोना से संक्रमित होने वालों की तादात एक फीसदी से भी कम यानि 0.93 फीसदी हो गई है। इसके अलावा 24 विभाग में से 10 विभाग में कोरोना संक्रमित मरीजों के दोगुना होने की संख्या 72 दिन, चार विभाग में 60 दिन, एक विभाग में 90 दिन से अधिक हो गई है।
जबकि अंधेरी, कुर्ला और खार इलाका यानि तीन विभाग में 100 दिन से भी अधिक समय में संक्रमितों की संख्या दोगुनी हो रही है। मुंबई में अब तक 1 लाख 12000 से अधिक कोरोना संक्रमित मिले हैं जिसमें से 85 हजार से ज्यादा लोग स्वस्थ हो चुके हैं जो कि कुल संक्रमितों का 76 फीसदी है। मौजूदा परिस्थिति में मुंबई में करीब 18,000 रोगियों का उपचार जारी है।
कोरोना महामारी से मुक्ति की ओर धारावी
एशिया की सबसे बड़ी और सघन झुग्गी बस्ती धारावी तीन महीने तक कोरोना का हॉटस्पॉट थी, लेकिन अब धीरे-धीरे कोरोना महामारी से मुक्ति की ओर बढ़ रही है। बुधवार को यहां मात्र दो संक्रमित मिले। बीते 10 दिनों से यहां बहुत कम संक्रमित सामने आ रहे हैं। फिलहाल धारावी के 83 मरीजों का उपचार किया जा रहा है।
अंधेरी में बचे हैं मात्र 800 संक्रमित
दक्षिण मुंबई और मध्य मुंबई के बाद कोरोना ने पश्चिमी उपनगर और उत्तर मुंबई के अंधेरी, बोरिवली, दहिसर, कांदिवली और मलाड आदि इलाकों में संक्रमितों की संख्या बढ़ गई थी। कोरोना का हॉटस्पॉट बनी अंधेरी में 7,121 संक्रमितों में से अब सिर्फ 807 मरीजों का उपचार जारी है।
यहां ग्रोथरेट 0.8 फीसदी हो गई है। वहीं, दहिसर की झुग्गी बस्तियों में पिछले एक सप्ताह से कोई नए मामले नहीं मिले हैं। बीएमसी के सहायक आयुक्त प्रशांत सकपाले ने बताया कि टेस्टिंग, सर्वे और फीवर कैंप पर जोर दे रहे हैं जिससे बड़े पैमाने पर लोग ठीक हो रहे हैं।