आंध्र प्रदेश की तर्ज पर महाराष्ट्र सरकार महिला अत्याचार के खिलाफ कानून बनाने की तैयारी में है। वर्धा जिले के हिंगणघाट में एक सिरफिरे द्वारा एकतरफा प्यार में अध्यापिका पर एसिड हमले के बाद राज्य सरकार ने यह निर्णय लिया है। गृहमंत्री अनिल देशमुख ने कहा कि जल्द ही वह आंध्र प्रदेश जाएंगे और महिला अत्याचार के खिलाफ 21 दिन के अंदर सजा के कानून का अध्ययन करेंगे।
आंध्र प्रदेश सरकार ने महिला अत्याचार को लेकर ऐसा कानून बनाया है जिसके तहत 21 दिन में मामले की सुनवाई कर दोषी को सजा दी जा सकती है। इसी तर्ज पर महाराष्ट्र में भी कानून बनाने की योजना है। सोमवार को हिंगणघाट में एक विवाहित युवक विकेश नगराले ने महिला टीचर पर पेट्रोल डालकर जलाने का प्रयास किया था।
इस हमले में महिला शिक्षिका का चेहरा पूरी तरह से झुलस गया। महिला 40 फीसदी जल चुकी हैं और आंख की रोशनी जाने का भी खतरा बना हुआ है। महिला का इलाज नागपुर के आरेंज सिटी अस्पताल में चल रहा है।
8 फरवरी तक पुलिस कस्टडी में आरोपी
अस्पताल के निदेशक डॉ. अनूप मरार का कहना है कि शिक्षिका की हालत नाजुक है। वह लगातार डॉक्टरों की टीम की निगरानी में है। गंभीर रूप से झुलस चुकी महिला हिंगणघाट के एक महाविद्यालय में वनस्पति शास्त्र की पार्ट टाइम शिक्षिका है। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश किया जहां न्यायाधीश रत्नमाला डफले ने उसे 8 फरवरी तक पुलिस कस्टडी में भेज दिया।