महाराष्ट्र में रेस्टोरेंट-होटल, रिसॉर्ट, लॉज जैसे अतिथि-सेवा सत्कार कारोबार करने वालों को ठाकरे सरकार ने बड़ी राहत दी है। सरकार ने इस कारोबार के लिए तमाम तरह के नियमों में सहूलियतें प्रदान की है। सरकार को उम्मीद है कि इससे न केवल राज्य में पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा बल्कि लाखों की तादाद में नए रोजगार पैदा होंगे। इसके साथ ही, सरकार का राजस्व भी बढ़ेगा।
राज्य के पर्यटन मंत्री आदित्य ठाकरे ने होटल-रेस्टोरेंट के संगठनों से वादा किया था कि पर्यटन क्षेत्र में बड़े बदलाव करेंगे ताकि देश में महाराष्ट्र पर्यटन का मुख्य केंद्र बन सके। बुधवार को राज्य मंत्रिमंडल की बैठक में सरकार ने निर्णय लिया कि राज्य में जो भी रेस्टोरेंट-होटल, लॉज, रिसॉर्ट जैसे अन्य अतिथि-सेवा सत्कार का करोबार शुरू करेगा उसे सिर्फ 10 तरह की ही अनुमति लेनी होगी, वह भी ऑनलाइन।
इसके लिए सरकार 'एक खिडकी योजना' शुरू करेंगी। ताकि किसी को भी मंत्रालय या फिर किसी सरकारी कार्यालय में अनुमति लेने के लिए चप्पलें न घिसनी पड़ें। पहले राज्य में अतिथि-सेवा सत्कार से जुड़े कारोबार शुरू करने के लिए 70 तरह की अलग-अलग अनुमति लेनी पड़ती थी, जिसे कम कर 10 कर दिया गया है।
राज्य के पर्यटन मंत्री आदित्य ठाकरे ने कहा है कि अतिथि-सेवा सत्कार कारोबारियों को राज्य में कारोबार करने के लिए किसी तरह की परेशानी नहीं होगी। वे आसानी से राज्य में रेस्टोरेंट-होटल, रिसॉर्ट जैसे कारोबार शुरू कर सकते हैं। सरकार ने यह निर्णय ईज ऑफ डूइंग बिजनेस यानी कारोबारी सुगमता के तहत किया है।
अतिथि-सेवा सत्कार का कारोबार करना अब राज्य में बहुत आसान हो जाएगा। अब 70 तरह की अनुमति नहीं लेनी होगी। सिर्फ 10 अनुमति से ही कारोबार शुरू किया जा सकेगा। इससे राज्य में पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा और नई नौकरियां पैदा होंगी।
-आदित्य ठाकरे, पर्यटन मंत्री, महाराष्ट्र।
पर्यटन मंत्री आदित्य ठाकरे ने बहुत ही सराहनीय निर्णय लिया है। इससे हमें अतिथि-सेवा सत्कार के कारोबार को आगे बढ़ाने में मदद मिलेगी। बहुत सालों से हम लोग मांग करते आ रहे हैं। सरकार ने देर से ही सही लेकिन हमारी मांगों पर ध्यान दिया है।
-उबेद अजीज बारूदगर, चेयरमैन, होलीडे आपके लिए, कर्जत।