महाराष्ट्र चुनावों के परिणाम आए दो हफ्ते बीत चुके हैं। मगर पुराने दोस्तों भाजपा और शिवसेना के बीच अभी भी ठनी हुई है। 14 दिन बीतने के बावजूद महाराष्ट्र की जनता को यह नहीं पता कि सरकार बनेगी या नहीं? और अगर बनेगी तो किसकी? दो पुराने साथियों में चल रही सियासी उठापठक के बीच जुबानी तीरंदाजी भी खूब हुई।
संजय राउत ने गुरुवार को भाजपा पर हमला बोलने के लिए कवि दुष्यंत कुमार की पंक्तियों का सहारा लिया। गत पांच नवंबर को भी उन्होंने दुष्यंत की कविता पोस्ट कर शिवसेना का रुख सामने रखा।
इसी महीने चार नवंबर को संजय राउत ने सरकार बनाने को लेकर चल रही खींचतान पर इस पोस्ट के साथ कटाक्ष किया।
शिवसेना नेता संजय राउत ने कटाक्ष वाले दूसरों के ट्वीट को भी रीट्वीट भी किया।
दिवाली से ठीक पहले उन्होंने एक कार्टून पोस्ट किया। इसमें शिवसेना के चुनाव चिहृन बाघ के गले में एनसीपी का चिहृन घड़ी है और उसके हाथ में भाजपा का चुनाव चिहृन कमल है।