कांग्रेस नेता नाना पटोले के फोन टेपिंग वाले आरोपों को महाराष्ट्र के उप मुख्यमंत्री अजीत पवार ने सही ठहराया है। उन्होंने कहा कि नाना पटोले ने जो शिकायत की है उसमें दम है। अगर वह कह रहे हैं कि भाजपा ने उनका फोन टेप किया तो इस बात से इनकार नहीं किया जा सकता है। अजीत पवार ने कहा कि अगर कोई अपने निजी फायदे के लिए राजनीतिक नेताओं और जनप्रतिनिधियों के फोन टैप कर रहा है तो यह पूरी तरह गलत है। यह कानून के खिलाफ है। झूठे नाम देकर राजनीतिक नेताओं और जनप्रतिनिधियों की फोन टेपिंग की गई, नाना पटोले के मामले में भी ऐसा हुआ है। हालांकि, अजीत पवार ने कहा कि अगर यह राष्ट्रीय सुरक्षा या सार्वजनिक सुरक्षा के लिए किया गया है तो ठीक है, लेकिन निजी फायदे के लिए है तो गैर कानूनी है।
तीन महीने में रिपोर्ट सौंपेगी समिति
बता दें कि महाराष्ट्र की महाविकास आघाड़ी सरकार ने फड़णवीस के कार्यकाल में हुई फोन टेपिंग की जांच के लिए हाई लेवल कमेटी बनाई है। दरअसल, कांग्रेस नेता नाना पटोले ने विधानसभा सत्र के दौरान आरोप लगाए थे कि देवेंद्र फड़णवीस सरकार में उनके फोन टैप किए गए थे। इन आरोपों पर गृहमंत्री दिलीप वलसे पाटिल ने जांच के आदेश दिए हैं। राज्य के पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) संजय पाण्डेय के नेतृत्व में एक उच्च स्तरीय समिति गठित की है। समिति मामले की जांच करेगी और तीन महीने में विधानसभा को अपनी रिपोर्ट सौंपेगी। आदेश में कहा गया है, ‘‘अगर फोन पर निगरानी रखना राजनीति से प्रेरित पाया गया तो कार्रवाई की जाएगी।’’