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महाराष्ट्रः उद्धव ठाकरे गुट को लग सकता है एक और झटका, विधान परिषद में अपना चीफ व्हिप नियुक्त करेगी शिवेसना

Tue, 28 Feb 2023 12:20 PM IST
नितिन गौतम न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मुंबई

सार

महाराष्ट्र विधान परिषद में अभी शिवसेना के 11 एमएलसी हैं और इनमें से एक को छोड़कर बाकी सभी उद्धव ठाकरे के समर्थक हैं। 
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उद्धव ठाकरे, एकनाश शिंदे और देवेंद्र फडणवीस - फोटो : Amar ujala
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विस्तार
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उद्धव ठाकरे गुट को एक और झटका लग सकता है। दरअसल शिंदे गुट ने महाराष्ट्र विधान परिषद में अपना चीफ व्हिप नियुक्त करने के लिए परिषद की उप-सभापति को पत्र लिखा है। मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने विधान परिषद की उप-सभापति नीलम गोर्हे को पत्र लिखकर विधानसभा के ऊपरी सदन में विप्लव बजोरिया को शिवसेना का नया चीफ व्हिप बनाने की मांग की है। अभी उद्धव बालासाहेब ठाकरे गुट के एमएलसी अनिल परब विधान परिषद में पार्टी के चीफ व्हिप हैं। 

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महाराष्ट्र विधान परिषद में अभी शिवसेना के 11 एमएलसी हैं और इनमें से एक को छोड़कर बाकी सभी उद्धव ठाकरे के समर्थक हैं। अब जब शिवसेना का चीफ व्हिप शिंदे गुट का होगा तो उद्धव गुट के एमएलसी को भी शिंदे गुट के चीफ व्हिप के निर्देश का पालन करना होगा। यदि ऐसा होता है तो यह ठाकरे गुट के लिए बड़ा झटका साबित हो सकता है। 

बता दें कि सोमवार से महाराष्ट्र विधानसभा का बजट सत्र शुरू हो गया है। विधानसभा में शिवसेना के चीफ व्हिप भारत गोगावाले ने रविवार शाम में बताया कि शिवसेना के सभी विधायकों के लिए व्हिप जारी कर दिया गया है और सभी को बजट सत्र के दौरान विधानसभा में मौजूद रहने के निर्देश दिए गए हैं। इससे पहले चुनाव आयोग ने शिंदे गुट को असली शिवसेना मानते हुए पार्टी का चुनाव चिन्ह धनुष बाण शिंदे गुट को देने का फैसला किया था। इसके खिलाफ उद्धव ठाकरे गुट सुप्रीम कोर्ट गया लेकिन सुप्रीम कोर्ट ने भी चुनाव आयोग के फैसले को स्टे करने से इनकार कर दिया। 
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सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई के दौरान शिंदे गुट के वकील एनके कौल ने कोर्ट को बताया था कि कुछ समय के लिए उनकी पार्टी व्हिप जारी करने और विधायकों, एमएलसी और सांसदों को अयोग्य  ठहराने की कार्रवाई नहीं करेगी। दरअसल ठाकरे गुट के वकील एएम सिंघवी ने सवाल उठाया था कि अब चूंकि शिंदे गुट को पार्टी माना गया है तो कल को यह व्हिप जारी कर सकते हैं और उसका पालन नहीं करने पर विधायकों, एमएलसी या सांसदों को अयोग्य भी ठहरा सकते हैं। ऐसे में सिंघवी ने यथास्थिति बरकरार रखने की मांग की थी। इसी पर एनके कौल ने शिंदे गुट द्वारा व्हिप जारी करने से इनकार किया था। अब जब शिंदे गुट ने सभी विधायकों को बजट सत्र के दौरान उपस्थित रहने का व्हिप जारी किया है तो शिवसेना के चीफ व्हिप गोगावाले ने इस पर तर्क दिया है कि हमें ठाकरे गुट के खिलाफ कोई कार्रवाई करने से मना किया गया था लेकिन विधायकों के बजट सत्र के दौरान उपस्थित रहने का व्हिप तो जारी किया जा सकता है। 
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