बदलापुर यौन उत्पीड़न मामले के आरोपी अक्षय शिंदे के पिता ने अपने और रिश्तेदारों के लिए पुलिस सुरक्षा की मांग की है। उन्होंने दावा किया है कि उनको धमकियां मिल रही हैं।
23 सितंबर को पुलिस मुठभेड़ के दौरान मारे गए अक्षय के पिता अन्ना शिंदे ने गृह मंत्री अमित शाह और महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के साथ ही पुलिस महानिदेशक रश्मि शुक्ला और नवी मुंबई के पुलिस आयुक्त मिलिंद भारम्बे को पत्र लिखा है। अन्ना ने आरोप लगाया है कि उनके बेटे को राजनीतिक लाभ के लिए साजिश के तहत मार दिया गया।
अन्ना ने अपने पत्र में कहा, मुझे और मेरे परिवार को धमकियां मिल रही हैं। इसके अलावा उनके वकील अमित कटारनवरे और उनके परिवार को भी धमकियां दी जा रही हैं। उन्होंने कहा कि उनको और परिवार की जान को खतरा देखते हुए उन सभी को पुलिस सुरक्षा दी जानी चाहिए।
24 वर्षीय अक्षय शिंदे को पिछले महीने ठाणे जिले के बदलापुर शहर के एक स्कूल में दो नाबालिग लड़कियों का कथित तौर पर यौन उत्पीड़न करने के आरोप में गिरफ्तार किया गया था। अक्षय शिंदे की पूर्व पत्नी की शिकायत दर्ज कराई थी, जिसकी जांच के लिए अक्षय को पुलिस वाहन में ले जाया जा रहा था। मुंब्रा बाइपास के पास पहुंचने पर अक्षय ने एक एपीआई की बंदूक छीन ली और गोली चला दी। पुलिस द्वारा आत्मरक्षा चलाई गई गोली लगने के बाद अक्षय की मौत हो गई थी।
अन्ना शिंदे ने बॉम्बे हाईकोर्ट में एक याचिका दायर कर दावा किया था कि उनके बेटे को फर्जी मुठभेड़ में मार दिया गया और उसकी मौत की हाईकोर्ट की निगरानी में जांच की मांग की थी। इस बीच, भाजपा विधायक किसन कथोरे ने शुक्रवार को कहा कि अक्षय शिंदे की लाश को बदलापुर में नहीं दफनाया जाना चाहिए, क्योंकि इससे शहर पर कलंक लगेगा।
जिले के मुरबाड से विधायक कथोरे ने कहा, 'बदलापुर के लोग अच्छे नागरिक हैं और नहीं चाहते कि यह कलंक उनके साथ लगे। हमारे निवासियों का उन्हें यहां दफनाने की अनुमति देने का कोई इरादा नहीं है। जो कुछ हुआ वह गलत हुआ, इससे हमें परिभाषित नहीं किया जाना चाहिए।'