मद्रास होईकोर्ट ने राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) को खराब रखरखाव की वजह से मदुरै-विरुधुनगर पर टोल शुल्क को आधा करने के निर्देश दिए हैं। जिसके बाद एनएचएआई ने अपने अधिकारियों से कहा है कि वह देश में फैली हुई उन रोड का सही रखरखाव करना सुनिश्चित करें जहां टोल शुल्क वसूला जाता है। कोर्ट ने कहा है कि खराब रखरखाव की स्थिति में टोल शुल्क को आधा किया जाएगा।
केंद्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग सचिव युद्धवीर सिंह मलिक का कहना है कि हम कोर्ट के आदेश का सम्मान करते हैं और इसे सही भावना से देख रहे हैं। मैंने एनएचएआई से कहा है कि वह कोर्ट के आदेश को चुनौती ना दे। हम हर साल सड़कों के रखरखाव का आंकलन करने के लिए प्रोटोकॉल प्रस्ताव लाने के बारे में विचार कर रहे हैं। इससे जवाबदेही आएगी। एनएचएआई एक प्रशासनिक आदेश जारी करने वाली है।
एनएचएआई के अधिकारियों ने इस बात को कंफर्म किया कि उन्होंने अधिकारियों से सड़कों के रखरखाव को सुनिश्चित करने के लिए कहा है जिससे कि टोल शुल्क में कटौती ना हो। सूत्रों ने बताया कि यह बहुत रेयर मामला है जब राजमार्ग प्राधिकारण ने कोर्ट के आदेश को चुनौती ना देने का फैसला किया है।