मध्य प्रदेश विधानसभा चुनाव के लिए 28 नवंबर को मतदान होने हैं। पुलिस से लेकर प्रशासन तक कल होने वाले मतदान के लिए पूरी तरह तैयार है। मतदान के दौरान किसी भी तरह के उपद्रव से निपटने के लिए एमपी पुलिस ने खास तैयारी की है। पुलिस ने अपने आपको ऐसे मुस्तैद रखने की बात कही है कि वह उपद्रव और अप्रिय घटना वाले स्थान पर महज तीन मिनट में पहुंच सके। वरिष्ठ अधिकारियों ने बताया कि पुलिस ने इस चुनाव के लिए एक खास प्लान बनाया है जिसके तहत पुलिस बल घटना-दुर्घटना की खबर मिलते ही महज तीन मिनट के भीतर मौके पर पहुंच जाएगी।
बता दें कि इस बार भाजपा और कांग्रेस के लिए मध्यप्रदेश चुनाव नाक का सवाल बना हुआ है। पिछले 15 सालों से सूबे में भाजपा की सरकार है और तीन बार से मुख्यमंत्री शिवराज सिंह जहां विकास के नाम पर वापसी की उम्मीद लगाए हैं वहीं कांग्रेस एंटीकंबेसी का फायदा उठाने की पुरजोर कोशिश कर रही है।
मध्यप्रदेश इस बार विधानसभा चुनाव के लिए 65 हजार से ज्यादा पोलिंग बूथ बनाए हैं। शहरी क्षेत्र की तुलना में ग्रामीण इलाकों में इसबार ज्यादा मतदान केंद्र बनाए गए हैं। पुलिस प्रशासन ने जांच में पाया कि इस बार दस हजार से ज्यादा बूथ संवेदनशील हैं। 2013 के चुनाव की तुलना में इस बार पोलिंग बूथ की सुरक्षा के ज्यादा चाक चौबंद व्यवस्था की गई है।
एक चरण में हो रहे मतदान के लिए किसी भी अप्रिय व्यवस्था से निपटने के लिए पुलिस शहरी पोलिंग बूथ पर पुलिस फोर्स सिर्फ शिकायत मिलने के महज तीन मिनट के अंदर घटना स्थल पर पहुंचने की बात कही है। यही नहीं हालात पर तत्काल काबू पाने के लिए स्थानीय पुलिसकर्मी और मोबाइल वाहन मतदान केंद्रों के आसपास तैनात रहेंगे। पोलिंग बूथों में पैरामिलिट्री फोर्स भी तैनात रहेगी यही नहीं सौ मीटर के दायरे में पुलिस मोबाइल और मजिस्ट्रेट मोबाइल वाहन भी तैनात रहेंगे।
पुलिस का अतिरिक्त बल भी मुख्यालय में तैनात किया गया है। जबकि फील्ड में रहने वाले पुलिस फोर्स के मूवमेंट की इस तरह से व्यवस्था की गयी है ताकि घटना की सूचना पर पलक झपकते ही पुलिस मौका-ए-वारदात पर पहुंच सके।