रामगोपाल यादव-प्रियंका गांधी वाड्रा
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क्या सपा-बसपा का गठबंधन अमेठी और रायबरेली में भी उम्मीदवार उतार सकता है? ये सवाल उठ खड़ा हुआ है सपा के दिग्गज नेता रामगोपाल यादव के एक बयान से। एक निजी टीवी चैनल से बातचीत में उन्होंने कहा कि वैसे तो प्रियंका गांधी वाड्रा का चुनाव प्रचार उनके गठबंधन पर ज्यादा असर नहीं डालेगा लेकिन अगर उन्हें लगता है कि प्रियंका और कांग्रेस, भाजपा को नुकसान की बजाय उनके सपा-बसपा गठजोड़ को नुकसान पहुंचा रहे हैं तो वो कुछ कड़े कदम उठा सकते हैं। इन कदमों में अमेठी और रायबरेली से अपना उम्मीदवार उतारना भी है।
आपको याद दिला दें कि जब जनवरी में सपा-बसपा के मुखिया अखिलेश और मायावती ने गठबंधन का औपचारिक एलान करते हुए प्रेस कॉन्फ्रेन्स की थी। जिसमें साफ तौर कहा गया कि अमेठी और रायबरेली की सीटें कांग्रेस के लिए छोड़ी जा रही हैं। इन पर गठबंधन अपना उम्मीदवार नहीं उतारेगा।
लेकिन अब रामगोपाल यादव के बयान से संशय के बादल मंडरा रहे हैं। यादव ने यह भी कहा, "हम सोनिया गांधी की इज्जत करते हैं, इसलिए इन सीटों पर उम्मीदवार नहीं उतारते।"
प्रियंका गांधी उत्तर प्रदेश में बेहद सक्रिय हैं। बीते कुछ दिनों में वो कार्यकर्ताओं के साथ लगातार बैठकों का दौर जमा रही है। उनके तेवरों से सपा-बसपा की राजनीतिक रणनीति में आने वाले दिनों में कुछ बदलाव देखने को मिल सकते हैं।