हर एक दिन गुजरने के साथ ही लोकसभा चुनाव 2019 की जंग चरम पर पहुंचती दिख रही है। नेताओं के बयानों की आंच लगातार तेज होती जा रही है। तृणमूल कांग्रेस सुप्रीमो ममता बनर्जी ने एक बार फिर पीएम नरेंद्र मोदी और भाजपा अध्यक्ष अमित शाह पर हमला बोला है।
ममता बनर्जी ने कोलकाता में कहा, पूजा का मतलब ये नहीं होता कि आप माथे पर तिलक लगा लें। अमित बाबू और मोदी बाबू, आओ और मंत्रों के मामले में मुझसे मुकाबला करो। देखते हैं किसे ज्यादा संस्कृत मंत्र आते हैं।
इस बार पश्चिम बंगाल में भी सियासी घमासान चरम पर पहुंचता दिख रहा है। मुकाबला पहले की ही तरह कांटे का है लेकिन पार्टियां बदल गई हैं। पहले जहां वामदलों का कांग्रेस और बाकी पार्टियों से मुकाबला होता था, अब वामदल हाशिए पर जा चुके हैं। उसकी जगह टीएमसी ने ले ली है और उसे चुनौती दे रही है भाजपा।
ममता ने कांग्रेस से अलग होकर ही टीएमसी का गठन किया था। वक्त के साथ ये पार्टी मजबूत होती गई और हर चुनाव में प्रचंड सफलता हासिल करती गई। इस दौरान पार्टी पर हिंसा के आरोप भी लगे। वामदल और कांग्रेस तीसरे-चौथे नंबर पर चले गए। भाजपा, टीएमसी को चुनौती देने वाली पार्टी बन गई।
लोकसभा चुनाव 2019 में इस राज्य में टीएमसी और भाजपा के बीच कड़ा मुकाबला होने की संभावना है। हालिया समय में दोनों पार्टियों के बीच मुकाबला इतना कड़ा हो गया कि खुलेआम हिंसा भी होने लगी। हर छोटे-बड़े चुनाव में भाजपा ने टीएमसी को दगड़ी चुनौती दी है।