असम के पूर्व मुख्यमंत्री तरूण गोगोई ने गुरुवार को आरोप लगाया है कि मतदान के दिन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का चुनाव प्रचार के लिए असम आना आदर्श आचार संहिता का उल्लंघन है।
तरूण गोगोई ने जोरहाट में डीसीबी बालिका उच्च विद्यालय में यह बात कही, जहां वह वोट डालने आए थे। उनके साथ उनके बेटे और सांसद गौरव गोगोई भी थे।
तरूण गोगोई ने कहा, "आज जब राज्य में पांच निर्वाचन क्षेत्रों में मतदान चल रहा है, तब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का वोट मांगना आदर्श आचार संहिता का उल्लंघन है।"
वह कोलियाबोर संसदीय क्षेत्र में वोट डालने के लिए लाईन में खड़े थे और संवाददाताओं से बात कर रहे थे। इस सीट से उनके बेटे कांग्रेस के सांसद हैं।
पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा, "मोदी कल चुनाव प्रचार कर सकते थे क्योंकि कल कोई मतदान नहीं है। असम के शहीदों के नाम पर वोट मांगना आदर्श आचार संहिता का अप्रत्यक्ष उल्लंघन है। शहीद हमारे हैं न कि भाजपा के।"
प्रधानमंत्री मोदी का 18 अप्रैल को होने वाले दूसरे चरण के चुनाव के वास्ते प्रचार करने के लिए असम में गुरुवार को दो चुनाव रैलियों को संबोधित करने का कार्यक्रम है।
जब वरिष्ठ कांग्रेस नेता से पूछा गया कि क्या भाजपा राज्य में अपने प्रदर्शन को लेकर चिंतित है? तो उन्होंने कहा, "बिल्कुल, वरना मोदी यहां बार बार क्यों आएंगे। मोदी देश का चौकीदार होने का दावा करते हैं। उन्होंने उन लोगों से पैसा क्यों नहीं वापस लिया, जिन्होंने देश का धन लूटा। भाजपा बस अच्छे दिन की बात करती है जबकि हम विकास और प्रगति चाहते हैं।"
असम में तीन चरण में मतदान है। गुरुवार को पहले चरण में पांच संसदीय क्षेत्रों में कड़ी सुरक्षा के बीच मतदान चल रहा है। तेजपुर, कोलियाबोर, जोरहाट, डिब्रूगढ़ और लखीमपुर लोकसभा क्षेत्रों में 76,03,458 मतदाता हैं। इन पांचों सीटों पर 41 उम्मीदवार चुनाव मैदान में हैं।