जानकारी के मुताबिक सामान्य दिनों की तुलना में हेलिकॉप्टर बुकिंग का प्रतिघंटा किराया दो से तीन गुना तक बढ़ गया है। राजनीतिक दलों को एक दिन के प्रचार के लिए 10 से 15 लाख रुपये तक खर्च करने पड़ सकते हैं।
देश में सबसे ज्यादा हेलिकॉप्टर पवन हंस के पास हैं तो दूसरे नंबर पर ग्लोबल वेक्ट्रा हेलीकॉर्प है। निजी जेट कंपनियों में क्लब वन एयर और ताज एयर जैसी कंपनियां भी हेलिकॉप्टर रखती हैं। कंपनियों का मानना है कि चुनाव प्रचार में हेलिकॉप्टर की मांग बढ़ती रही तो इसके लिए उन्हें लीज पर बाहर से छोटे हेलिकॉप्टर व चॉपर मंगाने पड़ेंगे।
अलग-अलग हेलिकॉप्टर का किराया भी अलग-अलग होता है। सिंगल इंजन हेलिकॉप्टर की बात करें तो इसका किराया प्रतिघंटा एक से दो लाख रुपये रहता है। वहीं, डबल इंजल हेलिकॉप्टर का प्रतिघंटा किराया दो से तीन लाख रुपये रहता है। एक दिन के प्रचार की बात करें तो इसमें पार्टी को 10 से 15 लाख रुपये खर्च करने होंगे। बता दें कि हेलिकॉप्टर के खड़े पहने पर भी किराया देना पड़ता है।