39 जिंदगियों को लील लेने के बाद 'फैनी तूफान' तो बीत गया लेकिन 'राजनीतिक तूफान' जारी है। फैनी पर एक तरफ जहां पीएम मोदी और पश्चिम बंगाल की ममता बनर्जी सरकार के बीच तल्खी कम होने का नाम नहीं ले रही है, वहीं दूसरी तरफ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ओडिशा के मुख्यमंत्री नवीन पटनायक की तारीफ कर कई राजनीतिक संकेत दे दिए हैं। इस बात से इंकार नहीं किया जा सकता है कि 23 मई के बाद कहीं ये संकेत राजनीतिक समीकरणों में तब्दील न हो जाए।
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मोदी-नवीन पटनायक-ममता बनर्जी
बंगाल की धरती से मोदी ने ममता बनर्जी के खिलाफ खेला ये कार्ड
वहीं, दूसरी तरफ पीएम मोदी ने पश्चिम बंगाल की धरती से ही ममता बनर्जी के खिलाफ जमकर हमलावर होकर जनता को यह संदेश पहुंचा दिया है कि दीदी के अड़ियल रवैये की वजह से वह पश्चिम बंगाल के साथ रिव्यू मिटिंग नहीं कर पाए। प्रधानमंत्री ने कहा-'अहंकार के कारण ममता ने मुझसे बात नहीं की। मैंने दीदी को दो बार फोन किया। मुझे बंगाल के लोगों की चिंता है, इसलिए ममता से बात करना चाहता था।' प्रधानमंत्री ने ममता बनर्जी को स्पीड ब्रेकर दीदी बताया। उन्होंने कहा- 'दीदी ने कभी देश के तारीफ नहीं की। बौखलाई दीदी को भगवान की बात करना भी खटकता है। दीदी के इस रवैये की वजह से पश्चिम बंगाल में लोगों को पूजा-पाठ और व्रत रखने में दिक्कत हो रही है । '
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मोदी-ममता
- फोटो : social media
मोदी और दीदी के खटास का रिश्ता है पुराना
दरअसल, पीएम मोदी पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के साथ फैनी तूफान को लेकर रिव्यू बैठक करना चाहते थे। इसके लिए ममता बनर्जी को फोन भी किया गया था लेकिन, ममता ने बात नहीं की। इसके बाद टीएमसी ने आरोप लगाया कि पीएम मोदी ने ओडिशा के मुख्यमंत्री नवीन पटनायक के साथ फोन पर बात की लेकिन पश्चिम बंगाल का हालचाल नहीं जाना। बाद में, पीएमओ की तरफ से टीएमसी के इस दावे को खारिज किया गया। कहा गया कि ममता बनर्जी को दो बार फोन किया गया था, लेकिन उन्होंने कभी प्रचार का तो कभी दूसरा बहाना बनाकर पीएम मोदी से बातचीत नहीं की।
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Narendra modi- Naveen Patnaik
- फोटो : self
दरअसल, पीएम मोदी और ममता के बीच तल्खी के कई कारण हैं। ममता बनर्जी लगातार पीएम मोदी को लेकर हमलावर रही हैं। पीएम मोदी ने अपने गैर-राजनीतिक इंटरव्यू में ममता की तरफ से हर साल कुर्ते भेजे जाने की बात कही तो ममता ने पटलवार कर व्यक्तिगत संबंधों का राजनीतिक फायदा उठाने का आरोप लगा डाला। इसके बाद, ममता बनर्जी ने कहा कि वह पीएम मोदी को बंगाल से पत्थर-मिट्टी के लड्डू भेजेंगी जिससे उनके दांत टूट जाएंगे। मोदी पहले भी ममता पर भाजपा नेताओं को पश्चिम बंगाल में प्रचार करने के लिए आने से रोकने के आरोप लगा चुके हैं। बंगाल में वैसे भी भाजपा कमजोर है और ममता बनर्जी का एकछत्र राज है।
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नवीन पटनायक, नरेंद्र मोदी
- फोटो : social media
पीएम मोदी के ओडिशा के मुख्यमंत्री की तारीफ करने के मायने
वहीं, पीएम मोदी ने फैनी से निपटने के लिए ओडिशा की पटनायक सरकार की तरफ से उठाए गए कदमों की तारीफ की है। प्रधानमंत्री ने यहां तक कहा कि नवीन बाबू ने बहुत अच्छा काम किया है। राज्य और केंद्र के बीच संवाद अच्छा था। ओडिशा की जनता ने सरकार के हर निर्देश का पालन किया, यह तारीफ के लायक है। केंद्र सरकार फौरन ओडिशा को 381 करोड़ रुपए की मदद करती है और 100 करोड़ रुपए और दिए जाएंगे।
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pm modi pti
- फोटो : PTI
मोदी ने ओडिशा के राज्यपाल गनेशी लाल जोशी, सीएम नवीन पटनायक और केंद्रीय मंत्री धर्मेन्द्र प्रधान के साथ तूफान प्रभावित इलाके का हवाई सर्वेक्षण के बाद यह बात कही।दरअसल, नवीन पटनायक कई बार पीएम मोदी पर तीखा हमला कर चुके हैं। वह मोदी सरकार को गरीब विरोधी सरकार और डबल इंजन की सरकार बता चुके हैं। उन्होंने यहां तक कहा कि मोदी ने पांच सालों में जनता का विश्वास खो दिया है। ओडिशा में बीजू जनता दल काफी मजबूत है। साल 2014 के चुनाव में सूबे की 21 सीटों में से 20 सीटें बीजू जनता दल के खाते में गई थीं।
वहीं, भारतीय जनता पार्टी ने ओडिशा में एक ही सीट जीती थी। अगर साल 2009 के लोकसभा चुनाव की बात करें तो सूबे में बीजू जनता दल के खाते में 14 सीटें गईं थी। 2004 के लोकसभा चुनाव में भी बीजू जनता दल ने 11 सीटें जीती थीं और भाजपा के खाते में 7 सीटें आई थी। नवीन पटनायक की छवि भी ओडिशा में बहुत मजबूत है और वह लगातार 19 साल से मुख्यमंत्री की कुर्सी पर काबिज हैं। उनकी छवि ईमानदार नेता की रही है। उनको राजनीति विरासत में मिली है। भाजपा पहले भी बीजेडी के साथ गठबंधन कर चुकी है। साल 2009 तक पटनायक की पार्टी भाजपा के साथ गठबंधन में थी। नवीन पटनायक कई लोक कल्याणकारी योजनाओं की वजह से जनता के बीच भी काफी लोकप्रिय हैं। उनकी कालिया (कैश असिस्टेंट फॉर फारमर्स ) योजना ने उन्हें किसानों के बीच भी लोकप्रिय बनाया है। वह केंद्र सरकार पर ओडिशा की उपेक्षा करने का आरोप भी लगाते रहे हैं।