इलाहाबाद, उत्तर प्रदेश की 80 लोकसभा सीटों में से एक हाई-प्रोफाइल सीट है। यहां से मौजूदा सांसद भाजपा के श्यामा चरण गुप्त हैं। साल 2014 में 'मोदी लहर'' के चलते भाजपा के श्यामा चरण गुप्त ने इन सीट से सपा के कुंवर रेवती रमण को चुनाव हराया था। इस सीट ने देश के दो प्रधानमंत्री- लाल बहादुर शास्त्री और वीपी सिंह दिए। यूपी के पूर्व मुख्यमंत्री और किसी जमाने में दिग्गज कांग्रेसी रहे हेमवंती नंदन बहुगुणा भी इस सीट से चुनाव लड़ चुके हैं। कांग्रेस पार्टी ने इस सीट से आखिरी चुनाव 1984 में जीता था। उस वक्त फिल्म अभिनेता अमिताभ बच्चन ने लोकदल के हेमवती नंदन बहुगुणा को चुनाव हराया था। आइए इस सीट पर एक नजर डालते हैं...
लोकसभा क्षेत्र का नाम- इलाहाबाद
चुनाव की तारीख- 12 मई
2019 में कौन-कौन प्रत्याशी मैदान में हैं?
-रीता बहुगुणा जोशी (भाजपा)
-राजेंद्र सिंह पटेल (एसपी)
-भवानी नाथ वाल्मिकी- आप
-योगेश शुक्ला- कांग्रेस
-गिरिधर गोपाल त्रिपाठी- सीपीआई
2014 में जीत का मार्जन: 62,009
2014 में मतदाता
कुल मतदाता-1666569
महिला मतदाता- 749001
पुरुष मतदाता-917403
थर्डजेंडर- 165
वोट फीसदी- 53.50%
पोलिंग बूथ-15
जातीय समीकरण
अनुसूचित जाति की आबादी-21.54%
अनुसूचित जनजाति की आबादी- 0.23%.
इलाहाबाद की ग्रामीण और शहरी आबादी
2014 में इस सीट से भाजपा के श्यामाचरण गुप्त को 313,772 वोट मिले थे। जबकि समाजवादी पार्टी के कुंवर रेवती रमण सिंह के खाते में 251,763 वोट गए थे। इलाहाबाद की ग्रामीण आबादी 76.59% और शहरी आबादी 23.41% है।
1957 से लेकर 1971 तक कांग्रेस की गढ़ रही ये सीट
इलाहाबाद लोकसभा सीट पर 1957 से 1971 तक लगातार कांग्रेस जीती। 1973 में उपचुनाव हुए और यह सीट जनेश्वर मिश्र के खाते में चली गई। 1977 में जनेश्वर मिश्र ने भारतीय लोकदल से यहां से चुनाव जीता। 1980 में वीपी सिंह ने चुनाव जीता।1996 से लेकर 1999 तक लगातार इस सीट से भारतीय जनता पार्टी के मुरली मनोहर जोशी ने जीत दर्ज की।