क्षेत्र की जरूरतों के आधार पर होगा फैसला
मंत्री के साथ लेह गई हुईं पर्यटन मंत्रालय की महानिदेशक मीनाक्षी शर्मा ने बताया कि क्षेत्र की आवश्यकता के हिसाब से योजना का खाका खींचा जा रहा है। इस मामले में सभी हितधारकों से भी सलाह ली जा रही है।
2015 में हुई थी इन योजनाओं की शुरुआत
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देशी और विदेशी पर्यटकों की संख्या बढ़ाने के लिए वर्ष 2015 में स्वदेश दर्शन एवं प्रसाद योजनाओं की शुरुआत की थी। इस योजना की निगरानी करने की जिम्मेदारी पर्यटन मंत्रालय को दी गई है। इसके तहत पर्यटन मंत्रालय तीर्थ या पर्यटन स्थलों को विकसित करने के लिए अलग-अलग सर्किट तय कर ढांचागत सुविधाओं के साथ कनेक्टिविटी और अन्य जरूरी सुविधाओं का भी इंतजाम कराता है।
बढ़ेगा कारोबार, मिलेगा रोजगार
अधिकारियों का मानना है कि लद्दाख में पर्यटन की असीम संभावनाएं हैं। ऐसे में मंत्रालय की योजना परवान चढ़ने पर वहां देशी-विदेशी पर्यटकों की संख्या बढ़ेगी। इनके लिए फाइव स्टार से लेकर बजट होटल तक विकसित होंगे। पर्यटकों की संख्या बढ़ने से रोजगार के अवसर भी बड़े पैमाने पर पैदा होंगे।