केंद्रीय मंत्री और जेडी(एस) नेता एच.डी. कुमारस्वामी ने मुख्यमंत्री डी.के. शिवकुमार पर उनके परिवार के खिलाफ बदनाम करने वाले पोस्टरों को कांग्रेस समर्थित बताने का आरोप लगाया। कुमारस्वामी ने जमीन संबंधी आरोपों को भ्रामक बताया।
केंद्रीय भारी उद्योग और इस्पात मंत्री तथा जेडी(एस) नेता एच.डी. कुमारस्वामी ने बुधवार को कर्नाटक के मुख्यमंत्री डी.के. शिवकुमार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि उनके और उनके परिवार के खिलाफ लगाए जा रहे बदनाम करने वाले पोस्टरों के पीछे सत्तारूढ़ कांग्रेस का समर्थन है।
बदनाम करने वाले पोस्टर लगे
'कौन-सी संपत्ति है?'
उन्होंने कहा, 'पोस्टरों में लिखा गया है कि मेरे और निखिल के पास 100 एकड़ जमीन है। मैंने करीब 40 साल पहले अपनी मेहनत से 46 एकड़ जमीन खरीदी थी। इसके अलावा मेरे नाम पर और कौन-सी संपत्ति है?' उन्होंने अपनी पत्नी और पूर्व विधायक अनीता कुमारस्वामी का भी बचाव किया। कुमारस्वामी ने कहा कि उनकी पत्नी के पास जो 36-37 एकड़ जमीन है। वह कानूनी तरीके से खरीदी गई है। उनका आरोप है कि ऐसे पोस्टरों के जरिए लोगों को गुमराह करने और उनके परिवार की छवि खराब करने की कोशिश की जा रही है।
कोई गलती की हैं, तो कार्रवाई करें, बदनाम नहीं
'हमलों से डरने वाले नहीं'
उन्होंने कहा कि वह ऐसे हमलों से डरने वाले नहीं हैं। उन्होंने कहा, 'मेरा जीवन एक खुली किताब है। मेरे कार्यकर्ताओं और लोगों को मेरे बारे में सब कुछ पता है। मैं इन पोस्टरों या धमकियों से नहीं डरता। मैं किसानों के लिए अपनी लड़ाई जारी रखूंगा।' हाल ही में कांग्रेस विधायक दल की बैठक में उन पर कांग्रेस विधायकों से संपर्क करने के आरोप लगे थे। इस पर कुमारस्वामी ने किसी भी तरह की राजनीतिक साजिश से इनकार किया।
'इस तरह का अभियान कैसे चला सकते हैं?'
उन्होंने कहा, 'हम एक छोटी पार्टी हैं। कांग्रेस के पास सरकार है। संसाधन हैं और आर्थिक ताकत भी है। ऐसे में हम उनके खिलाफ इस तरह का अभियान कैसे चला सकते हैं?' कुमारस्वामी ने बताया कि जेडी(एस) ने अपना उम्मीदवार सिर्फ इसलिए उतारा था ताकि पार्टी के वोट एकजुट रहें। उन्होंने विधायकों को प्रभावित करने की किसी भी साजिश से इनकार किया। साथ ही कहा कि जहां अतिरिक्त वोट उपलब्ध थे। वहां भाजपा से समर्थन मांगा गया था।
कांग्रेस के अंदरूनी मतभेदों से जेडी(एस) को राजनीतिक फायदा मिलने की अटकलों पर उन्होंने कहा, 'यह भगवान की इच्छा पर निर्भर करता है। अगर ऐसा होता है तो सरकार के खिलाफ विपक्ष को मजबूत करने का मौका मिल सकता है।' पूर्व मुख्यमंत्री ने कृषि मंत्री एन. चेलुवरायस्वामी की आलोचनाओं को भी ज्यादा महत्व नहीं दिया। उन्होंने कहा, 'मेरे कार्यकर्ता उन्हें जवाब देंगे। वह फिलहाल अपनी कुर्सी बचाने की कोशिश कर रहे हैं। ऐसे बयानों का जवाब देकर मैं खुद को नीचे नहीं गिराना चाहता।'