कोंकण रेलवे कॉरपोरेशन ने मंगलवार को कहा कि उसने महाराष्ट्र के रोहा और कर्नाटक के ठोकुर के बीच पूरे 741 किलोमीटर के रूट पर विद्युतीकरण का काम पूरा कर लिया है। विज्ञप्ति में कहा गया है कि विद्युतीकरण से ईंधन पर 150 करोड़ रुपये की बचत होगी, डीजल पर निर्भरता कम होगी, इसके अलावा निर्बाध और प्रदूषण मुक्त संचालन सुनिश्चित होगा।
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रेलवे सुरक्षा आयुक्त (सीआरएस) ने रत्नागिरी और थिविम के बीच अंतिम खंड का निरीक्षण 24 मार्च को किया था और 28 मार्च को मान्यता प्राप्त की गई थी। पूरे कोंकण रेलवे मार्ग का सीआरएस निरीक्षण मार्च 2020 से शुरू होने वाले छह चरणों में सफलतापूर्वक पूरा किया गया है।
विद्युतीकरण परियोजना की आधारशिला नवंबर 2015 में रखी गई थी और कुल लागत 1,287 करोड़ रुपये थी। यह काम कठिन इलाके, अत्यधिक मानसून और कोविड-19 महामारी जैसी मुश्किलों के बावजूद पूरा किया गया। केआर विज्ञप्ति में कहा गया है कि मार्ग पर चरणबद्ध तरीके से विद्युत कर्षण के साथ ट्रेन संचालन लागू किया जाएगा।