कोलकाता पुलिस कमिश्नर राजीव कुमार
सीबीआई अधिकारियों ने दिल्ली मुख्यालय से कोलकाता जाना शुरू कर दिया है। उन्हें शनिवार तक शिलांग पहुंचने और कोलकाता के पुलिस आयुक्त राजीव कुमार से पूछताछ करने के निर्देश मिले हैं। इसका मतलब यह है कि उच्च पुलिस अधिकारी को सीबीआई द्वारा की जाने वाली पूछताछ के लिए तैयारी करने के लिए दो दिनों का समय मिल गया है।
इससे पहले कोलकाता के वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों ने मंगलवार को इस बात के संकेत दिए थे कि कुमार शुक्रवार को सीबीआई की टीम का सामना करेंगे। सुप्रीम कोर्ट ने सीबीआई को कुमार से पूछताछ करने की इजाजत दे दी है लेकिन उन्हें हिदायत मिली है कि वह उन्हें न तो उन्हें गिरफ्तार कर सकते हैं और न ही उनके खिलाफ कोई सख्त कार्रवाई कर सकते हैं।
सीबीआई का अपने अधिकारियों को शनिवार तक शिलांग भेजने का मतलब है कि रविवार तक पूछताछ शुरू हो सकती है। इसी वजह से कोलकाता पुलिस अपने बॉस को सीबीआई की पूछताछ से पहले तैयार कर रही है। राज्य के वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों ने राज्य आपराधिक जांच विभाग की मदद लेकर 80-100 सवालों की एक लिस्ट बनाई है जिन्हें सीबीआई राजीव से पूछ सकती है।
कुमार से सीबीआई की पूछताछ कई मामलों की वजह से महत्वपूर्ण है। भाजपा ने चुनाव आयोग से कुमार की शिकायत की थी। जिसकी वजह से हो सकता है कि बंगाल सरकार आयोग के निर्देश पर 28 फरवरी तक उनका ट्रांसफर कर दे। मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने पहले ही संकेत दिए हैं कि यह ट्रांसफर 15-20 फरवरी के बीच हो सकते हैं। सीबीआई अधिकारियों ने इस बात के संकेत दिए हैं कि वह कुमार से अपनी पूछताछ को सुप्रीम कोर्ट में 20 फरवरी को होने वाली मामले की अगली सुनवाई से पहले खत्म कर लेंगे।
बता दें कि राजीव कुमार से पूछताछ के लिए रविवार को उनके घर पहुंची सीबीआई की एक टीम को कोलकाता पुलिस के अधिकारियों और जवानों के हाथों अपमानित होना पड़ा था। टीम में शामिल अधिकारियों को शेक्सपियर सरणी थाने ले जाया गया था। वहां तीन घंटे बाद उन्हें छोड़ा गया था। इस दौरान कोलकाता पुलिस ने सीबीआई के कार्यालय और अधिकारियों के आवास को घेर लिया था। दूसरी ओर, मुख्यमंत्री ममता बनर्जी सीबीआई की कार्रवाई के विरोध में उसी रात धर्मतल्ला में धरने पर बैठ गई थीं।