सार
Messi Event Controversy: पश्चिम बंगाल की अदालत ने लियोनेल मेसी के कार्यक्रम में कुप्रबंधन और 23 करोड़ रुपये के भ्रष्टाचार के आरोप में मुख्य आयोजक शताद्रु दत्ता की पुलिस हिरासत नौ जनवरी तक बढ़ा दी। सरकारी मंजूरी के बिना खाद्य-पेय अनुबंध और नकद लेनदेन के आरोपों को गंभीर मानते हुए कोर्ट ने उनकी जमानत याचिका खारिज कर दी।
कोलकाता के सॉल्ट लेक स्टेडियम में तोड़फोड़
- फोटो : ANI
पश्चिम बंगाल की एक कोर्ट ने रविवार को अर्जेंटीना के मशहूर फुटबॉल खिलाड़ी लियोनेल मेसी के कार्यक्रम के मुख्य आयोजक शताद्रु दत्ता की पुलिस हिरासत नौ जनवरी तक बढ़ा दी है। दत्ता को 13 दिसंबर को सॉल्ट लेक स्टेडियम में कार्यक्रम के दौरान कुप्रबंधन के लिए गिरफ्तार किया गया था। उन पर सरकारी मंजूरी के बिना खाद्य और पेय आपूर्तिकर्ता के साथ अनुबंध करने और 23 करोड़ रुपये के भ्रष्टाचार में शामिल होने का आरोप है।
अदालत ने खारिज की जमानत याचिका
मामले में पुलिस हिरासत पूरी होने के बाद, दत्ता को विधाननगर उप-विभागीय कोर्ट में पेश किया गया। यहां सरकारी वकीलों ने उन पर कई आरोप लगाए। अभियोजन पक्ष ने दलील दी कि शताद्रु दत्ता प्रभावशाली व्यक्ति हैं और मामले में वित्तीय लेनदेन की गहन जांच की जरूरत है। इसके बाद कोर्ट ने उनकी जमानत याचिका खारिज कर दी।
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पुलिस अधिकारी ने क्या कहा?
इसको लेकर एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने कोर्ट के बाहर मीडिया को बताया, 'जांच के लिए वित्तीय लेनदेन और कार्यक्रम के लिए पहले से की गई व्यवस्थाओं की आगे जांच की जरूरत है। उनकी जमानत याचिका खारिज कर दी गई और उन्हें नौ जनवरी तक पुलिस हिरासत में भेज दिया गया है।' पुलिस ने कोर्ट में बताया कि दत्ता ने प्रशासन से चर्चा किए बिना ही खाने-पीने के अनुबंध (कॉन्ट्रैक्ट) को अंतिम रूप दे दिया था। पुलिस के मुताबिक, आधिकारिक कॉन्ट्रैक्ट 40 लाख रुपये का था, जबकि दत्ता ने कथित तौर पर 60 लाख रुपये नकद लिए थे।
मामले की हो रही जांच
जांच में यह भी सामने आया कि कार्यक्रम के लिए करीब 19 करोड़ रुपये के 34 हजार से ज्यादा टिकट बेचे गए थे। मेसी के प्रशंसकों ने टिकट के लिए 4,000 से 12,000 रुपये और ब्लैक में 20,000 रुपये तक चुकाए थे। पुलिस ने आरोप लगाया कि मेसी का 20 मिनट के भीतर कार्यक्रम से चले जाना पहले से तय था। पुलिस ने यह भी बताया कि अन्य शहरों की तरह कोलकाता में किसी पेशेवर कार्यक्रम प्रबंधन कंपनी को नहीं रखा गया था, जो कि जांच का विषय है।
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