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जम्मू कश्मीर कैबिनेट: आतंकी हमले में पिता को खोने वाली सकीना अकेली महिला, मंत्रिमंडल में उमर की दौलत सबसे कम

स्पेशल डेस्क, अमर उजाला Published by: संध्या Updated Wed, 16 Oct 2024 04:39 PM IST

सार

Jammu Kashmir: जम्मू कश्मीर की नई कैबिनेट में शामिल छह में पांच मंत्री करोड़पति हैं। मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला 55 लाख की संपत्ति के साथ सबसे कम संपत्ति वाले मंत्री हैं। मंत्रिमंडल की औसत उम्र 52 साल चार महीने है। 

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जम्मू कश्मीर की नई सरकार - फोटो : AMAR UJALA

जम्मू कश्मीर को नई हुकूमत मिल गई है। बुधवार को उमर अब्दुल्ला ने जम्मू कश्मीर के नए मुख्यमंत्री के रूप में शपथ ली। उमर के साथ पांच अन्य विधायकों को भी मंत्री पद की शपथ दिलाई गई। इस मंत्रिमंडल में जम्मू क्षेत्र से तीन और कश्मीर घाटी से मुख्यमंत्री समेत तीन चेहरों को नई कैबिनेट में मौका मिला है। जम्मू क्षेत्र से जिन चेहरों को मौका मिला है उनमें सुरिंदर कुमार चौधरी को राज्य का उपमुख्यमंत्री बनाया गया है। चौधरी राजौरी जिले की नौशेरा सीट से जीते हैं। उन्होंने भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष रविंदर रैना को शिकस्त दी थी। 

वहीं, जम्मू जिले की छंब सीट से निर्दलीय उम्मीदवार के तौर पर जीते सतीश शर्मा भी उमर अब्दुल्ला कैबिनेट का हिस्सा बनाए गए हैं। पुंछ जिले की मेंढर सुरक्षित सीट से जीते जावेद अहमद राणा जम्मू क्षेत्र से आने वाले कैबिनेट के तीसरे चेहरे हैं। मेंढर सीट अनुसूचित जनजाति समुदाय के लिए सुरक्षित थी। सकीना मसूद एकमात्र महिला मंत्री बनी हैं। सकीना कुलगाम जिले की डीएच पोरा सीट से जीती हैं। 

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जम्मू कश्मीर की नई सरकार - फोटो : AMAR UJALA

जम्मू कश्मीर को नई हुकूमत मिल गई है। बुधवार को उमर अब्दुल्ला ने जम्मू कश्मीर के नए मुख्यमंत्री के रूप में शपथ ली। उमर के साथ पांच अन्य विधायकों को भी मंत्री पद की शपथ दिलाई गई। इस मंत्रिमंडल में जम्मू क्षेत्र से तीन और कश्मीर घाटी से मुख्यमंत्री समेत तीन चेहरों को नई कैबिनेट में मौका मिला है। जम्मू क्षेत्र से जिन चेहरों को मौका मिला है उनमें सुरिंदर कुमार चौधरी को राज्य का उपमुख्यमंत्री बनाया गया है। चौधरी राजौरी जिले की नौशेरा सीट से जीते हैं। उन्होंने भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष रविंदर रैना को शिकस्त दी थी। 

वहीं, जम्मू जिले की छंब सीट से निर्दलीय उम्मीदवार के तौर पर जीते सतीश शर्मा भी उमर अब्दुल्ला कैबिनेट का हिस्सा बनाए गए हैं। पुंछ जिले की मेंढर सुरक्षित सीट से जीते जावेद अहमद राणा जम्मू क्षेत्र से आने वाले कैबिनेट के तीसरे चेहरे हैं। मेंढर सीट अनुसूचित जनजाति समुदाय के लिए सुरक्षित थी। सकीना मसूद एकमात्र महिला मंत्री बनी हैं। सकीना कुलगाम जिले की डीएच पोरा सीट से जीती हैं। 

जम्मू कश्मीर की नई सरकार - फोटो : अमर उजाला

छह में से पांच मंत्रियों ने राजनीति को ही बताया पेशा
उमर अब्दुल्ला मंत्रिमंडल में कुल छह मंत्रियों ने शपथ ली है। इसमें उमर अब्दुल्ला के अलावा सुरिंदर कुमार चौधरी, सतीश शर्मा, सकीना मसूद, जावेद अहमद राणा, जावेद अहमद डार हैं। छह मंत्रियों में से पांच ने राजनीति को अपना पेशा बताया है। जबकि एक मंत्री सतीश शर्मा ने चुनावी हलफनामे में खुद का स्वरोजगार होने की जानकारी दी है। 

जम्मू कश्मीर की नई सरकार - फोटो : अमर उजाला

उमर मुख्यमंत्री बनने वाले अब्दुल्ला परिवार के चौथे सदस्य 
उमर अब्दुल्ला जम्मू कश्मीर के दूसरी बार मुख्यमंत्री बने हैं। अनुच्छेद 370 हटने के बाद पहली बार प्रदेश में नेशनल कॉन्फ्रेंस के नेतृत्व में सरकार बनी है। उमर अब्दुल्ला जम्मू कश्मीर के मुख्यमंत्री रह चुके फारूक अब्दुल्ला के बेटे हैं। उमर के दादा शेख अब्दुला भी राज्य के मुख्यमंत्री रहे हैं। उमर अब्दुल्ला खानदान के चौथे शख्स हैं जो इस कुर्सी पर बैठे हैं। उमर के पिता और दादा के अलावा राज्य के मुख्यमंत्री रहे गुलाम मोहम्मद भी अब्दुल्ला खानदान से आते हैं। गुलाम मोहम्मद की पत्नी सुरैया फारुख अब्दुल्ला की बहन थीं। 

 

जम्मू कश्मीर की नई सरकार - फोटो : अमर उजाला

आतंकी हमले में पिता को खोने वाली को भी कैबिनेट में जगह
मंत्रिमंडल में एक महिला को भी जगह मिली है। सकीना मसूद मोहम्मद इटू की बेटी हैं जो एक समय में जम्मू कश्मीर में काफी सक्रिय नेता थे। सकीना के पिता वली मोहम्मद ईटू की साल 1994 में आतंकवादियों ने हत्या कर दी थी। ईटू जम्मू कश्मीर विधानसभा के अध्यक्ष भी रहे थे। 1990 के दशक में आतंकियों द्वारा किसी राजनेता की यह पहली हत्या मानी जाती है। पिता की हत्या के बाद सकीना मसूद ने राजनीति में कदम रखा। सकीना ने डी.एच. पोरा से चौथी बार चुनाव जीता है। 

जम्मू कश्मीर की नई सरकार - फोटो : अमर उजाला

सतीश सबसे ज्यादा पढ़े-लिखे
मंत्रिमंडल की शपथ लेने वाले छह मंत्रियों में दो मंत्रियों नें 12वीं तक की पढ़ाई की है। परास्नातक की डिग्री के साथ सबसे ज्यादा पढ़े लिखे एक मंत्री हैं। वहीं तीन मंत्री स्नातक हैं। सुरिंदर कुमार चौधरी और जावेद अहमद डार मंत्रिमंडल में सबसे कम पढ़े-लिखे मंत्री हैं, जिन्होने 12वीं तक की पढ़ाई की है। परास्नातक की डिग्री के साथ सतीश शर्मा सबसे ज्यादा पढ़े-लिखे मंत्री हैं। वहीं, मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला, सकीना मसूद और जावेद अहमद राणा स्नातक हैं। 

जम्मू कश्मीर की नई सरकार - फोटो : अमर उजाला

सतीश शर्मा सबसे युवा मंत्री
निर्दलीय चुनाव जीते 42 वर्ष के सतीश शर्मा सबसे मंत्रिमंडल के सबसे युवा मंत्री हैं। जावेद अहमद राणा 61 वर्ष की उम्र के साथ सबसे उम्रदराज मंत्री बने हैं। मंत्रिमंडल की औसत उम्र 52 साल 4 महीने है। 

कैबिनेट में दूसरे सबसे कम उम्र के मंत्री जावेद अहमद डार हैं, जिनकी उम्र 50 साल है। मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला की उम्र 54 वर्ष है। डिप्टी सीएम का पद संभालने वाले सुरिंदर कुमार चौधरी की उम्र 56 वर्ष है। मंत्रिमंडल में शामिल महिला मंत्री सकीना मसूद 52 वर्ष की हैं। 

जम्मू कश्मीर की नई सरकार - फोटो : अमर उजाला

मुख्यमंत्री मंत्रिमंडल के सबसे कम संपत्ति वाले
कैबिनेट में शामिल छह में से पांच मंत्री करोड़पति हैं। मंत्रिमंडल की औसत संपत्ति की बात करें तो ये 4.12 करोड़ रुपये है। मेंढर सीट से जीते जावेद अहमद राणा सबसे ज्यादा 7.99 करोड़ की संपत्ति के साथ मंत्रिमंडल में सबसे अमीर मंत्री हैं। सतीश शर्मा 7.10 करोड़ की संपत्ति के साथ दूसरे सबसे अमीर मंत्री हैं। सबसे कम संपत्ति वाले मंत्री की बात करें तो वो उमर अब्दुल्ला हैं, जिन्होंने अपनी संपत्ति 55 लाख बताई है।

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