मशहूर ट्रांसजेंडर कार्यकर्ता अनन्या कुमारी एलेक्स का एर्नाकुलम स्थित उनके अपार्टमेंट से शव बरामद किया गया। सरकार ने घटना की तत्काल जांच के आदेश दिए हैं। एलेक्स (28) का शव एडापल्ली के पास उनके घर में पंखे से लटकता मिला।
पुलिस के मुताबिक पहली नजर में यह आत्महत्या का मामला लग रहा है। एलेक्स केरल में थर्ड जेंडर समुदाय की पहली रेडियो जॉकी थी। सामाजिक न्याय मंत्री आर बिंदु और स्वास्थ्य मंत्री वीना जॉर्ज ने अधिकारियों को घटना की जांच कर रिपोर्ट सौंपने का निर्देश दिया है।
जॉर्ज ने मेडिकल निदेशक से मामले की जांच करने को कहा है क्योंकि थर्ड जेंडर समुदाय ने आरोप लगाया है कि लिंग परिवर्तन सर्जरी के बाद एलेक्स को काफी दर्द हो रहा था।
बता दें कि केरल की पहली ट्रांसजेंडर उम्मीदवार अनन्या कुमारी एलेक्स ने चुनाव न लड़ने का फैसला किया था। मलप्पुरम जिले के वेंगारा निर्वाचन क्षेत्र से चुनाव लड़ने वाली अनन्या ने यह फैसला यूं ही नहीं लिया था। इसके पीछे की वजह भी उन्होंने बताया।
अनन्या ने बताया था कि उन्हें वेश्या के तौर पर पेश किया गया है, मारने की धमकी दी गई। अनन्या ने यह भी आरोप लगाया था कि डेमोक्रेटिक सोशल जस्टिस पार्टी (DSJP) के नेताओं द्वारा उन्हें गंभीर मानसिक यातना दी गई है।
अनन्या कुमारी एलेक्स ने कहा था कि डीएसजेपी नेताओं ने मुझे यूडीएफ उम्मीदवार पीके कुन्हालीकुट्टी के बारे में गलत बोलने और एलडीएफ सरकार की आलोचना के लिए मजबूर किया था। इसके अलावा उन्होंने चुनाव प्रचार के दौरान परदा लगाने के लिए भी मजबूर किया था। इस तरह के उत्पीड़न के बाद मैंने फैसला किया कि मैं अपने आत्मसम्मान से समझौता नहीं करूंगी।
उन्होंने कहा कि मुझे डेमोक्रेटिक सोशल जस्टिस पार्टी के नेताओं द्वारा इस्तेमाल किया गया। मेरे पास एक व्यक्तित्व है और मेरी अपनी राय है। मैं आत्मसमर्पण करने के लिए तैयार नहीं हूं। अनन्या ने कहा कि मैंने केरल में ट्रांसजेंडर लोगों का प्रतिनिधित्व सुनिश्चित करने के लिए चुनाव लड़ने का फैसला किया था। पार्टी ने मुझे वेंगारा निर्वाचन क्षेत्र से मैदान में उतारा था। यह मेरा फैसला नहीं था, उन्होंने मुझे चुना था।