केरल हाईकोर्ट ने दो नाबालिग बहनों से दुष्कर्म और उनकी मौत के मामले में बरी किए गए सभी आरोपियों पर दोबारा मुकदमा चलाने का आदेश दिया है। पॉक्सो कोर्ट ने इस केस में आरोपी बनाए गए पांच लोगों को बरी किए जाने का फैसला सुनाया था, जिसे हाईकोर्ट की दो सदस्यीय पीठ ने रद्द कर दिया है।
जस्टिस ए हरिप्रसाद और जस्टिस एमआर अनिता की खंडपीठ ने राज्य सरकार और बच्चियों के परिजनों की अपील स्वीकार करते हुए पांचों आरोपियों पर दोबारा मुकदमा चलाने का आदेश दिया।
हाईकोर्ट ने पॉक्सो कोर्ट के फैसले को रद्द कर दिया। कोर्ट ने सभी आरोपियों को 20 जनवरी को निचली अदालत के सामने पेश होने का निर्देश दिया। अपने फैसले में कोर्ट ने कहा कि जांच में गंभीर खामियां रहीं और समूचे मामले पर फिर से विचार किए जाने की आवश्यकता है। यह मामला 2017 में कथित दुष्कर्म के बाद दो बहनों के अपने घर में मृत मिलने से जुड़ा है।