केरल के दो अधिकारियों को राहत सामग्री में गबन के आरोप में गिरफ्तार किया गया है। वायानाड़ जिले में बाढ़ पीड़ितों के लिए पहुंचाई गई राहत के सामन में गड़बड़ी की जानकारी के बाद पुलिस की जांच में दो अधिकारियों का नाम आया था। केरल पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी के मुताबिक गबन की जानकारी राहत कार्य में जुटे एक उच्च अधिकारी ने दी थी।
राहत सामग्री को बांटने की जिम्मेदारी सरकार की तरफ से निभा रहे अधिकारी लोगों के लिए लाये सामान में हेर-फेर कर रहे थे। गबन में लिप्त इन दो अधिकारियों की जानकारी इनके सीनियर को मिल गई जिसके बाद उच्च अधिकारी ने पुलिस से शिकायत की। दर्ज हुई शिकायत में जिन दो अधिकारियों को गिरफ्तार किया गया है उनके नाम एस थॉमस और एमपी दिनेश है।
दरअसल राहत शिविर के लोगों ने सबसे पहले इन दो अधिकारियों को हेरा फेरी करते हुए देखा था। एक दिन पनामरम गांव राहत शिविर में शरण लिए लोगों ने दोनो अधिकारियों को राहत सामग्री से लदे ट्रक को ले जाते समय रोक लिया। गबन के आरोप में फंसे दोनो अधिकारियों ने अपनी सफाई में कहा है कि राहत सामग्री की जरूरत पास के ही एक गांव में थी जिसे लेकर वो जा रहे थे। लेकिन गांव के लोगों ने अनियमतता का आरोप लगाते हुए पुलिस को बुला लिया।
गिरफ्तार हुए दोनों अधिकारियों ने अपने ऊपर लगे आरोप को बेबुनियाद बताया है। इस बीच, केरल के एक और जगह चेंगन्नूर से भी सरकारी अधिकारी द्वारा गबन करने की बात सामने आ रही है। गौरतलब है कि इस समय केरल में देश भर से राहत सामग्री पहुंचाये जा रहे हैं जिसके प्रभावितों में वितरण की जिम्मेदारी सरकारी अधिकारियों की है। भारी बारिश से आये बाढ़ ने अब तक 370 लोगों की जान ले ली है और लाखों लोगों को बेघर कर दिया है।