तेलंगाना के मुख्यमंत्री के चंद्रशेखर राव के पास 26 करोड़ से अधिक की संपत्ति है। इसका खुलासा उन्होंने नामांकन दाखिल करते वक्त साझा किया। दरअसल, केसीआर ने गुरुवार को अपना नामांकन दाखिल किया, जिसमें उन्होंने अपने संपत्ति की घोषणा की। बता दें, 30 नवंबर को तेलंगाना विधानसभा के चुनाव हैं।
राव की कुल देनदारी 17 करोड़ रुपये से अधिक
केसीआर के नामांकन के अनुसार, चंद्रशेखर राव ने खुलासा किया कि उनके पास 17.83 करोड़ की चल संपत्ति है तो वहीं 8.50 करोड की कुल अचल संपत्ति है। उनके पास कार नहीं है। चंद्रशेखर राव ने खुलासा किया कि उनकी पत्नी शोभा के पास कुल सात करोड़ की चल संपत्ति है। वहीं, उनके एचयूएफ (हिंदू अविभाजित परिवार) की चल संपत्ति कुल नौ करोड़ रुपये से अधिक है। वहीं, राव की कुल देनदारी 17 करोड़ रुपये से अधिक थी। वहीं, एचयूएफ की देनदारी 7.23 करोड़ रुपये से अधिक है।
राव के पास ट्रैक्टर समेत कई वाहन
इसके अलावा, राव के आईटी रिटर्न के अनुसार, 31 मार्च 2023 को केसीआर की कुल आय 1.60 करोड़ से अधिक है, जो 31 मार्च 2019 तक 1.74 करोड़ रुपये थी। वहीं, 31 मार्च 2023 तक राव की पत्नी शोभा की आय 8.68 लाख रुपये थी। राव ने हलफनामे में खुद को कृषक बताया है। उनकी शैक्षणिक योग्यता बीए है। उनके पास ट्रैक्टर समेत कई वाहन हैं। उनके खिलाफ नौ मामले लंबित हैं, जो तेलंगाना राज्य आंदोलन के दौरान दर्ज हुए थे। हालांकि, अब तक उन्हें किसी भी मामले में आरोपी नहीं माना गया है।
बेटा केटीआर भी करोड़पति
राव के बेटे और बीआरएस के कार्यकारी अध्यक्ष केटी रामा राव ने अपना नामांकन दाखिल करते समय बताया कि उनके पास 6.92 करोड़ रुपये की कुल चल संपत्ति है, जो पिछले नामांकन से 3.63 करोड़ रुपये बढ़ गया है। वहीं, केटीआर की पत्नी शौलिमा के पास 26.4 करोड़ रुपये की संपत्ति है। उनकी बेटी अलेख्या के पास 1.43 करोड़ रुपये की चल संपत्ति है। वहीं, उनकी बेटी के पास 46.7 लाख रुपये की अचल संपत्ति है। केटीआर के पास एक कार और 100 ग्राम सोने के गहने हैं। वहीं, उनकी पत्नी के पास 4.7 किलोग्राम सोने के गहने और हीरे हैं। रामा राव के खिलाफ भी सात आपराधिक मामले दर्ज हैं।
कैसी है तेलंगाना विधानसभा?
119 सदस्यीय तेलंगाना विधानसभा में बीआरएस के वर्तमान में 102 विधायक हैं। 2018 में बीआरएस ने 88 सीटें जीती थीं। बाद में कांग्रेस, टीडीपी और निर्दलीय उम्मीदवारों के कई विधायक बीआरएस में शामिल हो गए, जिससे विधानसभा में इसकी ताकत बढ़ गई। इसके अलावा ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन के सात, कांग्रेस के पांच और भाजपा के दो विधायक हैं। एक सीट पर निर्दलीय विधायक हैं। सिकंदराबाद कैंट. सीट अपने विधायक जी. सयाना की मृत्यु के कारण रिक्त है। एक सदस्य मनोनीत किया जाता है।