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काटजू ने किया शदीहों का अपमान, घिरने पर बोले मजाक था

Tue, 27 Sep 2016 10:29 PM IST
टीम डिजिटल/अमर उजाला, नई दिल्ली
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मार्कंडेय काट्जू
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मार्कंडेय काटजू का फेसबुक पोस्ट एक बार फिर चर्चा में है। काटजू ने अपनी पोस्ट में पाकिस्तान को सबक सिखाने के लिए बिहार का जिक्र किया है, जिसपर विवाद हो गया है। हालांकि, इस पर विवाद होने के बाद उन्होंने सफाई देते हुए कहा कि वह मजाक कर रहे थे।
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सुप्रीम कोर्ट के पूर्व जज ने फेसबुक पोस्ट में लिखा है, 'पाकिस्तान हम एक बार में ही अपने विवाद खत्म करते हैं। हम आपको बिहार की शर्त पर कश्मीर ऑफर कर रहे हैं। यह एक पैकेज डील है। आपको पूरा पैकेज लेना होगा या फिर कुछ नहीं। या तो आपको कश्मीर और बिहार दोनों लेना होगा या कुछ नहीं। हम आपको अकेले कश्मीर नहीं दे सकते हैं।'

मार्कंडेय काट्जू यही नहीं रुके। उन्होंने आगे लिखा,  'आगरा समिट में अटल बिहारी वाजपेयी ने यह ऑफर परवेज मुशर्रफ को दिया था। लेकिन, उसने बेवकूफी के साथ ठुकरा दिया था। अब यह ऑफर फिर से आ गया है। मत चूक ऐ चौहान।' 
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फिराक गोरखपुरी का किया जिक्र

मार्कंडेय काट्जू
मार्कंडेय काट्जू ने इसके बाद अपने एक दूसरे पोस्ट में लिखा है, 'इलाबाद यूनिवर्सिटी में मेरे इंग्लिश टीचर फिराक गोरखपुरी ने कहा था कि हिंदुस्तान को खतरा पाकिस्तान से नहीं, बल्कि बिहार से है। मुझे अभी तक समझ में नहीं आया कि उनका क्या मतलब था।'

काटजू के इस बयान पर जनता दल यूनाइटेड के नेता केसी त्यागी ने आपत्ति जताई है। उन्होंने कहा कि यह राजद्रोह का मामला है और इस पर कड़ी कार्रवाई होनी चाहिए। उन्होंने बिहार के लोगों का अपमान किया है। काटजू का ये कमेंट बेहद आपत्तिजनक है।
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काटजू ने किया शदीहों का अपमान, घिरने पर बोले मजाक था

मार्कंडेय काट्जू
 सुप्रीम कोर्ट के पूर्व जस्टिस और प्रेस काउंसिल ऑफ इंडिया के पूर्व चेयरमैन जस्टिस मार्कंडेय काटजू ने अपने फेसबुक पर एक बार फिर विवादित बात लिख दी। इसको शहीदों और बिहार का अमपान माना जा रहा है। चारों तरफ से आलोचना होने केबाद कटजू ने खुद के लिखे पर माफी तो नहीं मांगी, मगर इतना जरूर कहा कि यह सिर्फ मजाक था। लोग उसे समझ नहीं पाए।

लोगों में  सेंस आफ ह्यूमर नहीं हैं। दरअसल, उड़ी हमले में पाकिस्तान की संलिप्तता सामने आने और उसके सबूत वहां  केभारत में राजदूत अब्दुल बासित को सौंपे जाने केसाथ ही पड़ौसी देश के खिलाफ देश में गुस्सा है। उड़ी में   शहीद हुए 18 जवानों के घरवाले बदले की मांग कर रहे हैं। सरकार हर स्तर पर पाकिस्तान को अलग-थलग करने के लिए रणनीति बना रही है।

इस बीच मार्कंडेय काटजू ने शहीदों का अपमान कर डाला। जस्टिस काटजू ने दो दिन पहले अपनी फेसबुक पर ऐसा कुछ लिख दिया कि जिसकी बड़ पैमाने पर अलोचना शुरू हो गई। कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव दिग्विजय सिंह ने कहा कि वह काटजू केबयान से असहमत हैं। बिहार के सीएम नीतीश कुमार ने इस बयान पर नाराजगी जताई। इसके अलावा बड़ी तादाद में  लोगों  ने नाराजगी भरे कमेंट्स किए।
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