कर्नाटक के मंगलूरू में शुक्रवार सुबह 11:30 बजे से दोपहर 12:30 बजे के बीच हथियारबंद नकाबपोश लुटेरों ने एक सहकारी बैंक से लगभग 10 से 12 करोड़ रुपये का कीमती सामान लूट लिया। यह घटना मंगलूरू के कोटेकर सेवा सहकारी बैंक में हुई।
एक पुलिस अधिकारी के मुताबिक, पिस्तौल, तलवार और चाकू समेत हथियारों से लैस होकर बैंक में 5 से 6 नकाबपोश दाखिल हुए। उनकी उम्र 25 से 35 साल है। लुटेरों ने हिंदी और कन्नड़ में बात करते हुए कर्मचारियों को धमकाया और उन्हें सोने के आभूषण और अन्य कीमती सामान वाली तिजोरी खोलने के लिए मजबूर किया। वे नकदी और आभूषण लेकर नीली फिएट कार में भाग गए। पुलिस ने बताया कि घटना के समय बैंक में चार से पांच कर्मचारी मौजूद थे, लेकिन कोई सुरक्षा गार्ड ड्यूटी पर मौजूद नहीं था। प्रारंभिक अनुमान के अनुसार, बैंक से लूटी गई नकदी एवं आभूषण की कीमत 10 करोड़ से 12 करोड़ रुपये के बीच है, हालांकि अभी विस्तृत आकलन नहीं हुआ है।
गौरतलब है कि इसके पहले बृहस्पतिवार को कर्नाटक के सबसे उत्तरी जिला मुख्यालय बीदर में बाइक सवार दो अज्ञात हथियारबंद लुटेरों ने दो सुरक्षा गार्डों की गोली मारकर हत्या कर दी थी और एटीएम में भरने के लिए रखी 93 लाख रुपये की नकदी लेकर फरार हो गए थे।
सीएम सिद्धरमैया ने बुलाई अधिकारियों की बैठक, जांच तेज करने के आदेश
पुलिस ने तकनीकी एवं अन्य सुरागों के माध्यम से जांच शुरू की है। संदिग्धों का पता लगाने के लिए कई टीमें गठित की गई हैं।घटना के समय मुख्यमंत्री सिद्धरमैया शहर में मौजूद थे। डकैती की सूचना मिलने पर उन्होंने पश्चिमी रेंज के महानिरीक्षक अमित सिंह, मंगलूरू शहर के पुलिस आयुक्त अनुपम अग्रवाल और पुलिस अधीक्षक एन यतीश समेत शीर्ष पुलिस अधिकारियों की बैठक बुलाई। सिद्धरमैया ने सभी टोल प्लाजा पर निगरानी बढ़ाने और 4 जिलों में नाकाबंदी करने का आदेश दिया। पुलिस ने केरल सीमा पर सीसीटीवी फुटेज की जांच तेज कर दी है। उडुपी, उत्तर कन्नड़, हसन और शिवमोगा में जिला पुलिस को सतर्क कर दिया गया है। जिले से केरल, गोवा और बंगलूरू की ओर जाने वाली सभी सड़कों और राज्य व राष्ट्रीय राजमार्गों को कड़ी निगरानी की जा रही है।