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Karnataka: प्रियांक खरगे ने विदेश मंत्रालय पर लगाया यू-टर्न लेने का आरोप, अमेरिका जाने के लिए मिली क्लीयरेंस

Sat, 21 Jun 2025 01:24 PM IST
नितिन गौतम न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बंगलूरू

सार

खरगे ने सवाल किया कि 'पहले उन्हें क्लीयरेंस देने से क्यों मना किया गया? इस मामले के सार्वजनिक होने के बाद क्या मंत्रालय ने जवाबदेही से बचने के लिए वीजा के लिए क्लीयरेंस दी?'
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कर्नाटक के आईटी मंत्री प्रियांक खरगे। - फोटो : ANI
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विस्तार
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कर्नाटक सरकार के मंत्री प्रियांक खरगे ने विदेश मंत्रालय पर यू-टर्न लेने का आरोप लगाया है। दरअसल प्रियांक खरगे ने दावा किया था कि विदेश मंत्रालय ने उनके आवेदन के बावजूद अमेरिका जाने के लिए क्लीयरेंस नहीं दी थी। प्रियांक खरगे ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर इस मुद्दे पर विदेश मंत्रालय के खिलाफ राजनीतिक भेदभाव करने के आरोप लगाए थे। अब खरगे का कहना है कि उन्हें अमेरिका जाने के लिए क्लीयरेंस दे दी गई है।
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प्रियांक खरगे ने विदेश मंत्रालय पर लगाए आरोप
प्रियांक खरगे ने सोशल मीडिया पर साझा एक पोस्ट में लिखा कि 'विदेश मंत्रालय ने यू-टर्न लेते हुए अपना पिछला फैसला वापस ले लिया है और मुझे अमेरिका जाने के लिए क्लीयरेंस दे दी है।' खरगे ने लिखा कि 'मैंने 15 मई को अमेरिका जाने की इजाजत मांगी थी, जहां मुझे 14 से 27 जून के बीच दो बड़े वैश्विक मंचों पर कर्नाटक सरकार का प्रतिनिधित्व करना था। अमेरिका दौरे पर उनकी शीर्ष कंपनियों के अधिकारियों, विश्वविद्यालयों के अधिकारियों के साथ 25 से ज्यादा आधिकारिक बैठकें होनी थीं, जिनमें कर्नाटक में निवेश पर बात होती। लेकिन बिना किसी कारण के मेरे आवेदन को खारिज कर दिया गया।'

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खरगे ने पूछे सवाल
प्रियांक खरगे ने सोशल मीडिया पर लिखा कि उन्होंने इस मुद्दे पर 19 जून को एक प्रेस कॉन्फ्रेंस की थी, जिसमें वीजा के लिए क्लीयरेंस न देने पर सवाल उठाए गए और इसमें राजनीतिक दखल की आशंका जताई थी। मीडिया में यह मामला उठा। उसी दिन शाम में विदेश मंत्रालय ने अमेरिकी वीजा के लिए क्लीयरेंस दे दी। खरगे ने सवाल किया कि 'पहले उन्हें क्लीयरेंस देने से क्यों मना किया गया? इस मामले के सार्वजनिक होने के बाद क्या मंत्रालय ने जवाबदेही से बचने के लिए वीजा के लिए क्लीयरेंस दी?' अभी तक इस मामले में विदेश मंत्रालय की तरफ से कोई बयान नहीं दिया गया है।

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