कर्नाटक विधानसभा अध्यक्ष के आर रमेश कुमार ने बृहस्पतिवार को कहा कि वह सत्तारूढ़ गठबंधन के बागी विधायकों के इस्तीफे के ‘स्वैच्छिक और वास्तविक’ होने की जांच करेंगे। उन्होंने बागी विधायकों से मुलाकात के बाद कहा कि कर्नाटक विधानसभा नियम के अनुसार इस्तीफे को ‘सही प्रारूप’ में होना चाहिए। कुमार ने कहा कि दुर्भाग्यवश, पिछले सप्ताह मेरे कार्यालय में जो 13 पत्र आए थे, उनमें से आठ सही प्रारूप में नहीं थे। उन्होंने इस बात पर भी जोर दिया कि वह न तो मौजूदा राजनीतिकि स्थिति के लिए जिम्मेदार हैं और न ही इसके परिणाम के लिए जिम्मेदार हैं। कुमार ने कहा कि विधायकों ने अब अपना इस्तीफा सही प्रारूप में सौंपा है, मुझे इसकी जांच करनी होगी कि यह स्वैच्छिक और वास्तविक है या नहीं। उन्होंने कहा कि वह पहले भी विधायकों को इसकी जानकारी दे चुके हैं कि अगर वह अपना इस्तीफा सौंपना ही चाहते हैं तो उन्हें दोबारा तय प्रारूप में अपना इस्तीफा सौंपना चाहिए। विधानसभा स्पीकर ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट ने मुझसे फैसला लेने के लिए कहा है। मैंने सारी चीजों की वीडियोग्राफी की है और मैं उसे सुप्रीम कोर्ट को भेजूंगा।
सुप्रीम कोर्ट ने गुरुवार को कनार्टक के कांग्रेस-जेडीएस गठबंधन के 10 बागी विधायकों को शाम छह बजे विधानसभा अध्यक्ष से मिलने की अनुमति दे दी। साथ ही न्यायालय ने विधानसभा अध्यक्ष को उनके इस्तीफे पर आज ही फैसला करने का निर्देश भी दिया। सीजेआई रंजन गोगोई की अध्यक्षता वाली एक पीठ ने कर्नाटक विधानसभा अध्यक्ष को आज गुरुवार को ही विधायकों के इस्तीफे पर निर्णय लेने का निर्देश भी दिया।
पीठ ने कहा कि कर्नाटक विधानसभा के अध्यक्ष द्वारा लिए गए निर्णय की जानकारी शुक्रवार को मामले की अगली सुनवाई के दौरान दी जाए। सुप्रीम कोर्ट ने कर्नाटक के डीजीपी को 10 बागी विधायकों के मुंबई से बंगलूरू पहुंचने के बाद उन्हें बंगलूरू हवाई अड्डे से विधानसभा तक सुरक्षा मुहैया करने का निर्देश भी दिया। विधायकों की तरफ से अदालत में मुकुल रोहतगी पेश हुए। उन्होंने कहा कि विधायक इस्तीफा दे चुके हैं। स्पीकर मामले को लटका रहे हैं।
मुंबई में ठहरे हुए कर्नाटक के विधायक दिन में दो बजे विमान से बंगलूरू के लिये रवाना हो सकते हैं। उधर, कर्नाटक में कांग्रेस और जेडीएस के बड़े नेता बैठक कर रहे हैं। वहीं येदियुरप्पा इस वक्त भी कुछ विधायकों के साथ बैठक कर रहे हैं। अब हर किसी की नजर विधानसभा अध्यक्ष रमेश कुमार पर है। क्योंकि शाम 6 बजे तक इस्तीफा दे चुके विधायकों को उनसे मिलना है।
मुंबई के होटल द्वारा रिजर्वेशन कैंसिल करने के मामले पर कर्नाटक के मंत्री डीके शिवकुमार ने कहा कि होटल स्टाफ ने मुझे घंटों बाहर खड़ा रखने के बाद मेरा रिजर्वेशन कैंसिल कर दिया। मैंने अपने लोगों को इसके कानूनी पहलू पर विचार करने को कहा है। मुझे अपने अधिकारों की रक्षा के लिए कानूनी उपाय करना होगा। कर्नाटक मंत्री और कांग्रेस नेता डीके शिवकुमार ने बंगलूरू में कहा, 'हमें पूरा विश्वास है कि विधायक हमारे साथ हैं। मुझे उम्मीद है कि वह वापस आएंगे और अपना इस्तीफा वापस ले लेंगे।'