फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

श्रृंगेरी में री-काउंटिंग: कांग्रेस MLA की जीती बाजी हार में बदली, सीएम सिद्धारमैया बोले- BJP ने की वोट डकैती

Tue, 05 May 2026 04:41 PM IST
राकेश कुमार पीटीआई, बंगलूरू

सार

श्रृंगेरी उपचुनाव पुनर्मूल्यांकन में 255 वोट कम होने से कांग्रेस की जीत हार में बदल गई है। मुख्यमंत्री सिद्धारमैया ने इसे लोकतंत्र की 'डकैती' बताते हुए फॉरेंसिक जांच और कानूनी लड़ाई का एलान कर दिया है। तीन साल बाद इस मामले में क्यों बवाल मचा हुआ है? खबर में जानिए...
 
विज्ञापन
सिद्धारमैया, मुख्यमंत्री, कर्नाटक - फोटो : एक्स/सिद्धारमैया
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

कर्नाटक के मुख्यमंत्री सिद्धारमैया ने श्रृंगेरी विधानसभा क्षेत्र के मतों की दोबारा गिनती में भाजपा उम्मीदवार डीएन जीवराज पर आपराधिक साजिश का बड़ा आरोप लगाया है। मंगलवार को मुख्यमंत्री ने कहा कि कांग्रेस नेता टीडी राजेगौड़ा के पक्ष में पड़े वैध पोस्टल बैलेट के साथ छेड़छाड़ कर चुनावी परिणाम को बदला गया है।
विज्ञापन


यह विवाद कर्नाटक उच्च न्यायालय के उस आदेश के बाद शुरू हुआ, जिसमें जीवराज की याचिका पर पोस्टल बैलेट के पुनर्मूल्यांकन के निर्देश दिए गए थे। शनिवार को हुई इस प्रक्रिया के बाद, निर्वाचन अधिकारी ने बताया कि राजेगौड़ा के पक्ष में पड़े वोटों में 255 की कमी आई है। इस रिपोर्ट को अब चुनाव आयोग के पास भेज दिया गया है।

2023 में ही इस सीट पर हुआ था चुनाव
गौरतलब है कि 2023 के विधानसभा चुनाव में राजेगौड़ा ने जीवराज को 201 वोटों से हराया था। बंगलूरू में मुख्यमंत्री ने कहा, 'यह स्पष्ट रूप से आपराधिक साजिश का मामला है।' उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस, भाजपा और जेडीएस के एजेंटों की ओर से स्वीकार किए जा चुके वैध मतों को बाद में अधिकारियों ने खराब कर दिया। मुख्यमंत्री ने विस्तार से बताया कि दोबारा गिनती के दौरान 255 मतों को पहले वैध माना गया था। बाद में अधीनस्थ अधिकारियों ने उन पर दूसरा निशान लगाकर उन्हें अवैध बना दिया। उन्होंने सीधे तौर पर कहा, 'यह साजिश जीवराज और अन्य लोगों ने मिलकर रची है। यह पूरी तरह सुनियोजित है।'
विज्ञापन


यह भी पढ़ें: Assembly Elections: BJP ने शुरू की सरकार गठन की तैयारी; अमित शाह बंगाल तो जेपी नड्डा असम के लिए बने पर्यवेक्षक

सिद्धारमैया ने निर्वाचन अधिकारी की भूमिका पर उठाए सवाल
सिद्धारमैया ने निर्वाचन अधिकारी की भूमिका पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि चुनाव आयोग के पर्यवेक्षक की उपस्थिति के बावजूद अधिकारी ने तुरंत परिणाम घोषित कर दिया, जो कानून के खिलाफ है। पुनर्मूल्यांकन के बाद भाजपा उम्मीदवार को 52 वोटों से विजेता घोषित किया गया है। मुख्यमंत्री ने इसे वोट चोरी नहीं, बल्कि वोट डकैती करार दिया।
विज्ञापन


इस मामले में राजेगौड़ा के चुनावी एजेंट सुधीर कुमार ने पहले ही पुलिस में शिकायत दर्ज करा दी है। सरकार ने स्पष्ट किया है कि वे इस घोषणा को अदालत में चुनौती देने की तैयारी कर रहे हैं। सिद्धारमैया ने इस पूरे मामले की फॉरेंसिक जांच कराने के भी आदेश दिए हैं। अन्य राज्यों के चुनावों पर टिप्पणी करते हुए मुख्यमंत्री ने पश्चिम बंगाल में सत्ता विरोधी लहर और तमिलनाडु में अभिनेता विजय की पार्टी के उभरने पर आश्चर्य जताया। उन्होंने भरोसा जताया कि 2028 में भी कर्नाटक में कांग्रेस की ही जीत होगी।

अन्य वीडियो- 
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें