पश्चिम बंगाल में मालदा और मुर्शिदाबाद जिलों के हिंसा प्रभावित क्षेत्रों की ओर जा रहे भाजपा के दो प्रतिनिधिमंडलों को पुलिस ने बुधवार को रोका गया। जानकारी के मुताबिक भाजपा के वरिष्ठ नेता और पश्चिम बंगाल के प्रभारी कैलाश विजयवर्गीय को मुर्शिदाबाद के नवगांव में भीड़ द्वारा घेर लिया गया। इसके बाद कैलाश विजयवर्गीय ने ममता बनर्जी सरकार पर साजिशन हमला करवाने का आरोप लगाया है।
भाजपा के इस प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव कैलाश विजयवर्गीय और सांसद सौमित्र खान कर रहे थे। कैलाश विजयवर्गीय ने एक वीडियो पोस्ट कर कहा कि यह सबकुछ ममता बनर्जी के इशारे पर हुआ है।
उन्होंने कहा कि 'मुर्शिदाबाद जाने के रास्ते में, नवागांव में हमारी कार को कई गुंडों ने घेर लिया।' उन्होंने कहा, 'मैं वहां नहीं जा सकता, जिस कार्यक्रम में मुझे शामिल होना था। यह पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के इशारे पर मुझे रोकने की कोशिश थी। मैं इस बात की कड़ी निंदा करता हूं।'
उन्होंने कहा कि अगर गृहमंत्रालय, सीआईएसएफ और स्थानीय प्रशासन को सचेत नहीं करते तो उनके साथ कुछ भी हो सकता था। पुलिस के अनुसार दोनों प्रतिनिधिमंडलों को इलाके में जाने की अनुमति नहीं दी गयी क्योंकि इससे हालात और बिगड़ सकते थे। चार दिन तक हिंसा के बाद अब हालात सामान्य होने की तरफ बढ़ रहे हैं।
उधर, पश्चिम बंगाल के डीजीपी विरेंद्र ने इस मामले पर कहा कि पुलिस सारी स्थितियों से अवगत है और उनके साथ हुई हिंसा निंदनीय है। मुख्यमंत्री ने इस पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि भाजपा इन इलाकों में समस्या पैदा करने की कोशिश कर रही है।