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जस्टिस पिनाकी चंद्र घोष बने देश के पहले लोकपाल, राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने दी मंजूरी

Wed, 20 Mar 2019 05:49 AM IST
Avdhesh Kumar न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
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पिनाकी चंद्र घोष (फाइल फोटो) - फोटो : Twitter
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सुप्रीम कोर्ट के सेवानिवृत्त जज जस्टिस पिनाकी चंद्र घोष को देश का पहला लोकपाल नियुक्त किया गया। केंद्र सरकार ने मंगलवार को इसकी आधिकारिक घोषणा की। पूर्व सशस्त्र सीमा बल (एसएसबी) प्रमुख अर्चना रामसुंदरम, महाराष्ट्र के पूर्व मुख्य सचिव दिनेश कुमार जैन, महेंद्र सिंह और इंद्रजीत प्रसाद गौतम लोकपाल के गैर न्यायिक सदस्य होंगे। 
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 जस्टिस दिलीप बी भोसले, प्रदीप कुमार मोहंती, अभिलाषा कुमारी और अजय कुमार को लोकपाल का न्यायिक सदस्य नियुक्त किया गया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता वाली चयन समिति ने जस्टिस घोष सहित बाकी सदस्यों के नाम की सिफारिश की थी, जिसे राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने मंजूरी दे दी।

इससे पहले, बीते शुक्रवार को हुई चयन समिति की बैठक में जस्टिस घोष को लोकपाल बनाने पर सहमति बनी थी, लेकिन आधिकारिक घोषणा नहीं की गई थी। जस्टिस घोष आंध्र प्रदेश हाई कोर्ट के चीफ जस्टिस भी रहे हैं। जस्टिस घोष को मानवाधिकार कानूनों पर उनकी बेहतरीन समझ और विशेषज्ञता के लिए जाना जाता है। वह राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग के भी सदस्य हैं। 
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