सुप्रीम कोर्ट के जज और कॉलेजियम के सदस्य न्यायमूर्ति कुरियन जोसेफ ने कहा है कि सरकार द्वारा कॉलेजियम की सिफारिश को लौटाने की घटना अभूतपूर्व है। जस्टिस जोसेफ ने कहा कि यह आम धारणा है कि जो कुछ हुआ वह नहीं होना चाहिए था। दरअसल कॉलेजियम ने उत्तराखंड हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश के एम जोसेफ को सुप्रीम कोर्ट का जज बनाए जाने की सिफारिश की थी।
जो कुछ हुआ, वह नहीं होना चाहिए था : जस्टिस जोसेफ
जस्टिस जोसेफ ने यहां एक कार्यक्रम के इतर पत्रकारों से कहा कि इस मामले में व्यापक विचार-विमर्श की जरूरत है। केंद्र द्वारा सिफारिश लौटाए जाने के एक सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि जस्टिस के एम जोसेफ को सुप्रीम कोर्ट भेजने से रोकने पर फिर से विचार करना चाहिए। उन्होंने कहा कि ऐसी कोई मिसाल नहीं है, जिसमें कॉलेजियम की सिफारिश को केंद्र द्वारा लौटाया गया हो।
सुप्रीम कोर्ट के जज ने बिना इसकी गहराई में जाते हुए कहा कि इस मामले पर गहन विचार होना चाहिए। गौरतलब है कि केंद्र ने कॉलेजियम को जस्टिस जोसेफ की फाइल लौटाते हुए अन्य हाईकोर्ट के जजों को सुप्रीम कोर्ट में स्थान न मिलने का जिक्र भी किया था।