फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Kerala: धमाके का संदिग्ध बोला 'यहोवा के साक्षी' की शिक्षाएं राष्ट्र विरोधी, समूह के प्रवक्ता बोले- यह उसकी...

Tue, 31 Oct 2023 08:41 AM IST
काव्या मिश्रा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कोच्चि

सार

यहोवा के साक्षी समूह के प्रवक्ता डेविड ने कलामसेरी में हुए विस्फोट की घटना पर हैरानी जताई है। उन्होंने कहा जो कुछ भी हुआ उससे हम बहुत सदमे में हैं।
विज्ञापन
यहोवा के साक्षियों के प्रवक्ता जोशुआ डेविड ने केरल में हुए बम धमाकों पर हैरानी जताई - फोटो : सोशल मीडिया
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

केरल के एर्नाकुलम में रविवार सुबह एक कन्वेंशन सेंटर में भीषण धमाके हुए थे, जिसमें तीन की मौत और कई लोग घायल हुए। अब इस हादसे में ईसाइयों के ‘यहोवा के साक्षी’ समूह का नाम बढ़-चढ़कर सामने आ रहा है। दरअसल, डोमिनिक मार्टिन नामक एक व्यक्ति ने आत्मसमर्पण कर खुद को इस समूह का सदस्य बताया है। उसने कलामसेरी में ईसाई धार्मिक सभा में हुए कई विस्फोटों की जिम्मेदारी ली है। साथ ही व्यक्ति ने यहोवा के साक्षी समूह के खिलाफ कथित तौर पर टिप्पणी की है। हालांकि, समूह के प्रवक्ता जोशुआ डेविड का कहना है कि यह उसकी निजी राय है। 

जो कुछ भी हुआ…

यहोवा के साक्षी समूह के प्रवक्ता डेविड ने कलामसेरी में हुए विस्फोट की घटना पर हैरानी जताई है। उन्होंने कहा, 'जो कुछ भी हुआ उससे हम बहुत सदमे में हैं। अभी जो भी जानकारी सामने आ रही है उससे निपटने की कोशिश कर रहे हैं। अधिकारियों के साथ हम सहयोग कर रहे हैं।’

क्या है मामला?

कलामसेरी पुलिस के मुताबिक, धमाका उस वक्त हुआ, जब कई लोग कन्वेंशन सेंटर में प्रार्थना सभा के लिए जुटे थे। पहला धमाका सुबह नौ बजे के करीब हुआ। अगले कुछ मिनटों में एक और धमाका हुआ। कन्वेंशन सेंटर में यहोवा के साक्षियों का क्षेत्रीय सम्मेलन हो रहा था। प्रारंभिक जांच से पता चलता है कि यह एक आईईडी उपकरण है और इसकी जांच की जा रही है।

संगठन की शिक्षाएं देशद्रोही: मार्टिन

व्यक्ति ने खुद के यहोवा के साक्षी ईसाई धार्मिक समूह का अनुयायी होने का भी दावा किया है। इस समूह की स्थापना 19वीं शताब्दी में अमेरिका में हुई थी। व्यक्ति ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर एक वीडियो संदेश भी डाला। विभिन्न टीवी चैनलों पर प्रसारित वीडियो में उसने आरोप लगाया कि उसने ऐसा इसलिए किया क्योंकि संगठन की शिक्षाएं देशद्रोही थीं। 

व्यक्ति ने कहा कि छह साल पहले उसने महसूस किया कि यह संगठन गलत रास्ते पर है और उसकी शिक्षाएं राष्ट्र-विरोधी हैं। उसने समूह से कई बार सुधार करने को कहा। हालांकि, वे ऐसा करने के लिए तैयार नहीं थे। मार्टिन ने यह भी दावा किया कि वह सालों पहले यहोवा के साक्षियों के साथ जुड़ा था। शख्स ने कहा कि सभी को बम धमाकों और उसके बाद हुए गंभीर नतीजों के बारे में पता चल गया होगा।

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें